नयी दिल्ली. दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि राज्य सरकारों को गिराने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत केंद्र सरकार एक ‘‘सीरियल किलर’’ की तरह बर्ताव कर रही है. सिसोदिया ने कहा कि उनके खिलाफ केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की प्राथमिकी ‘‘पूरी तरह से फर्जी’’ है. उन्होंने विधानसभा में कहा कि दिल्ली सरकार की आबकारी नीति में भ्रष्टाचार का सीबीआई के पास कोई सबूत नहीं है.
उन्होंने आरोप लगाया कि सीबीआई ने उनके आवास पर छापा मारा, क्योंकि दिल्ली सरकार के अच्छे कामकाज की पूरे विश्व में सराहना की जा रही है. दिल्ली सरकार की आबकारी नीति से जुड़े सीबीआई के मामले में आरोपी सिसोदिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दूसरों के अच्छे कामों को देख कर ‘‘असुरक्षित’’ महसूस करते हैं.
उपमुख्यमंत्री ने विधानसभा में राजस्व मंत्री कैलाश गहलोत द्वारा लाए गये एक प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए कहा, ‘‘ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दूसरों के अच्छे कामों को देखकर असुरक्षित महसूस करते हैं. मैंने उनसे अधिक असुरक्षा की भावना वाला कोई व्यक्ति नहीं देखा. अगर अरंिवद केजरीवाल प्रधानमंत्री होते तथा मैं किसी और सरकार में शिक्षा मंत्री होता, तो वह ऐसा कुछ नहीं करते.’’ उन्होंने कहा कि अरंिवद केजरीवाल ने केंद्र की सभी अच्छी पहल में प्रधानमंत्री का समर्थन किया, लेकिन प्रधानमंत्री ने हमेशा इसके विपरीत किया.
सिसोदिया ने कहा कि सीबीआई के अधिकारियों ने 14 घंटे की छापेमारी के दौरान उनके और यहां तक कि उनके बच्चों के कपड़ों की भी तलाशी ली, लेकिन उन्हें कुछ नहीं मिला. उन्होंने कहा, ‘‘ मेरे खिलाफ प्राथमिकी पूरी तरह फर्जी है. मैंने कोई भ्रष्टाचार नहीं किया है… राज्य सरकारों को गिराने के लिए वे (भारतीय जनता पार्टी) ‘सीरियल किलर’ की तरह बर्ताव कर रहे हैं. राज्य सरकारों को गिराने के लिए वे जितने प्रयास कर रहे हैं, उन्हें वे प्रयास स्कूल तथा अस्पताल बनाने के लिए करने चाहिए.’’ उपमुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की आबकारी नीति 2021-22 का बचाव किया, जिसे अब वापस ले लिया गया है.
सिसोदिया ने सदन में कहा, ‘‘ हमारी आबकारी नीति से लोगों पर कोई भार नहीं पड़ा, बल्कि सरकारी राजस्व में वृद्धि हुई, फिर भी भाजपा इसमें भ्रष्टाचार का आरोप लगा रही है.’’ उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने उन्हें पेशकश की कि यदि वह पार्टी (भाजपा) में शामिल हो जाते हैं तो उनके खिलाफ मामले वापस ले लिए जाएंगे.
आम आदमी पार्टी के नेता ने कहा, ‘‘उन्होंने मुझसे केजरीवाल को छोड़ने और भाजपा में आने तथा सभी मामले बंद करने की पेशकश की. लेकिन मैंने कहा कि मैंने कुछ गलत नहीं किया है और अदालत मुझे रिहा करेगी. मैं मुख्यमंत्री बनने नहीं आया हूं और मैं उनके सामने से हटने को तैयार नहीं हूं. मैं लोगों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि आपके वोट ने हमें सत्ता में लाया और कोई ताकत हमें खरीद नहीं सकती.’’ सिसोदिया ने कहा कि ऐसा इसलिए किया जा रहा है कि बच्चे शिक्षा हासिल नहीं करें और उनका इस्तेमाल भाजपा की गुंडागर्दी के लिए किया जा सके.