दिल्ली विस्फोट के आरोपी का घर गिराए जाने से आतंकवाद नहीं रुकेगा, बल्कि आक्रोश ब­ढ़ेगा: उमर

जम्मू. जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने दिल्ली विस्फोट से जुड़ी विस्फोटकों से लदी कार चलाने वाले डॉ. उमर नबी के घर को ध्वस्त किए जाने पर शुक्रवार को सवाल उठाया और कहा कि इस तरह की कार्रवाई से आतंकवाद पर अंकुश लगाने में कोई मदद नहीं मिलेगी, बल्कि इससे जनता में आक्रोश ब­ढ़ने का खतरा है. अब्दुल्ला ने यह बयान जम्मू शहर के बाहरी इलाके मुथी में नवनिर्मित एस्टेट फ्लैट के उद्घाटन के अवसर पर दिया.

उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ”अगर इन चीजों (घरों को ध्वस्त करने) से आतंकवाद रुक सकता, तो यह अब तक रुक गया होता. पहलगाम हमले के बाद भी आपने इतने सारे घर उड़ा दिए – क्या यह (आतंकवादी हमले) रुके? मुझे डर है कि ऐसी चीजों की वजह से गुस्सा और आक्रोश ब­ढ़ता है. लेकिन ये फैसले हमारे हाथ में नहीं हैं.” मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे उपायों का आदेश देने वालों को आत्मचिंतन करना चाहिए. उन्होंने कहा, ”जो लोग ये निर्णय लेते हैं, उन्हें अपने निर्णयों पर विचार करना चाहिए और देखना चाहिए कि क्या ऐसी कार्रवाइयों के माध्यम से वे आतंकवाद को रोकने में सक्षम हुए हैं या नहीं.” अब्दुल्ला ने दावा किया कि पूर्व में मुख्यमंत्री के रूप में उनके छह साल के कार्यकाल के दौरान, प्रशासन द्वारा नागरिक संपत्तियों को ध्वस्त किए बिना भी आतंकवाद संबंधी घटनाओं में लगातार कमी आई.

उन्होंने कहा, ”सुरक्षा मेरी जिम्मेदारी थी. हर साल आतंकवादी घटनाओं में कमी आई, लेकिन हमें कभी भी घरों को उड़ाने के लिए मजबूर नहीं होना पड़ा.” सुरक्षाबलों ने बृहस्पतिवार और शुक्रवार की मध्यरात्रि में जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में डॉ. उमर नबी के घर को ध्वस्त कर दिया.

उमर विस्फोटकों से लदी हुंडई आई20 कार चला रहा था. विस्फोट स्थल से लिए गए डीएनए नमूनों के उसकी माँ से मेल खाने के बाद उसकी पहचान की पुष्टि हुई. दिल्ली में लालकिला मेट्रो स्टेशन के पास ट्रैफिक सिग्नल पर उमर द्वारा धीमी गति से चलाई जा रही कार में हुए भीषण विस्फोट में कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई थी. सुरक्षाबलों ने 24 अप्रैल को बिजबेहरा में आदिल अहमद थोकर के घर को भी ध्वस्त कर दिया था, जो पहलगाम हमले के संदिग्धों में से एक था.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button