
जयपुर. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आगामी लोकसभा चुनाव से पहले युवाओं एवं किसानों के लिए दो बड़ी घोषणाएं करते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि केंद्र में उनकी पार्टी की सरकार बनने पर 30 लाख सरकारी नौकरियां दी जाएंगी तथा फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर कानूनी गारंटी दी जाएगी. वह अपनी ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ के तहत बांसवाड़ा में आयोजित जनसभा को संबोधित कर रहे थे.
उन्होंने कहा कि केंद्र में सरकार बनने पर कांग्रेस युवाओं के लिए पांच ऐतिहासिक काम करने जा रही है जिनमें भर्ती भरोसा, पहली नौकरी पक्की, पेपर लीक से मुक्ति, ‘गिग इकॉनमी’ में सामाजिक सुरक्षा और युवा रोशनी शामिल हैं. युवाओं को तीस लाख नौकरियां देने की घोषणा करते हुए कांग्रेस नेता ने कहा, ”युवाओं के लिए कांग्रेस पार्टी क्या करने जा रही है? सबसे पहला कदम, हमने गिनती की है- हिंदुस्तान में 30 लाख सरकारी पद खाली हैं … (प्रधानमंत्री नरेन्द्र) मोदी जी इनको भरवाते नहीं है. भाजपा इन्हें भरवाती नहीं है. कांग्रेस के सरकार में आने के बाद एकदम पहला काम होगा कि ये 30 लाख सरकारी नौकरियां हम दे देंगे.” उन्होंने कहा कि ‘पहली नौकरी पक्की’ के वादे के तहत केंद्र में कांग्रेस की सरकार आने पर हर ‘ग्रेजुएट’, ‘डिप्लोमा’ धारक युवा को सरकारी या निजी कंपनी में एक साल के ‘अप्रेंटिसशिप’ दी जाएगी.
गांधी ने कहा, ” हम देश के सभी युवाओं को अप्रेंटिसशिप का अधिकार देने जा रहे हैं. ये अधिकार हर स्नातक, हर डिप्लोमा धारक को मिलेगा. हर स्नातक को निजी कंपनी या सरकारी कार्यालय में एक साल की अप्रेंटिसशिप दी जाएगी और एक लाख रुपये उसे एक साल में दिया जाएगा.” कांग्रेस नेता ने कहा,”यह मनरेगा जैसा अधिकार होगा. इससे देश में करोड़ों युवाओं को फायदा होगा. उन्हें प्रशिक्षण मिलेगा और एक तरह से पहले साल का रोजगार मिलेगा.” उन्होंने तीसरी बड़ी घोषणा ‘पेपर लीक’ से युवाओं को मुक्ति दिलाने की की.
गांधी ने कहा कि कांग्रेस सरकार में आने पर पेपर लीक के खिलाफ सख्त कानून लाएगी और परीक्षा आयोजित करवाने के तरीकों का मानकीकरण किया जाएगा. उन्होंने कहा कि परीक्षाओं के आयोजन में निजी कंपनियों का दखल बंद किया जाएगा.
गांधी ने ओला, उबर, स्विगी, जोमैटो, अमेजन आदि कंपनियों के लिए चालक, गार्ड एवं प्रतिनिधियों के रूप में काम करने वाले ‘गिग वर्कर्स’ के लिए सामाजिक सुरक्षा कानून लाने की घोषणा भी की. उन्होंने कहा कि राजस्थान में पिछली कांग्रेस सरकार ने ऐसा कानून बनाया था. उन्होंने कहा,”राजस्थान में इनकी रक्षा, इनकी पेंशन, इनकी सामाजिक सुरक्षा के लिए कानून बनाया गया था. जो कानून राजस्थान में बनाया गया था वही कानून हम पूरे देश में लागू करेंगे.” इसके अलावा उन्होंने ‘युवा रोशनी’ की घोषणा की जिसके तहत देश के सभी जिलों के लिए 5,000 करोड़ रुपए का स्टार्टअप फंड दिया जाएगा.
कांग्रेस नेता ने कहा,”ये पांच ऐतिहासिक काम हैं… युवाओं के लिए भर्ती भरोसा, पहली नौकरी पक्की करना, पेपर लीक से मुक्ति, गिग र्किमयों के लिए सामाजिक सुरक्षा एवं ‘युवा रोशनी’ के तहत जिलों में स्टार्टअप के लिए 5,000 करोड़ रुपये … ये हम आपके लिए करने जा रहे हैं.” कांग्रेस नेता ने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी के घोषणापत्र में किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) के लिए कानूनी गारंटी देने का वादा किया गया है.
उन्होंने कहा,”हमने अपने घोषणा पत्र में किसानों के लिए एक ऐतिहासिक काम किया है. पहली बार हिंदुस्तान में किसानों को एमएसपी के लिए कानूनी गारंटी देने का वादा किया गया है.” किसानों के आंदोलन की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा,”दिल्ली कूच कर रहे किसानों की मांग हमने अपने घोषणा पत्र में पूरी कर दी है.” उन्होंने कहा, ”आदिवासियों की जल, जंगल की लड़ाई हमारी लड़ाई है.
आपके साथ हम खड़े हैं.” देश में जातीय जनगणना कराने की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि इसकी इसलिए जरूरत है क्योंकि ओबीसी, आदिवासी, दलित, अल्पसंख्यक और गरीब सहित आबादी के एक बड़े हिस्से की देश की संस्थाओं, बजट एवं धन में अनुपातिक भागीदारी नहीं है. गांधी ने कहा कि देश में जातीय जनगणना की जरूरत है और कांग्रेस सत्ता में आने के बाद इसे कराएगी.
उन्होंने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के समय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू वहां मौजूद नहीं थीं. कांग्रेस नेता ने दावा करते हुए कहा कि यह एक “सीधा संदेश” था कि आदिवासी होने के कारण वह मंदिर में प्रवेश नहीं कर सकतीं. कांग्रेस नेता ने उपस्थित लोगों से यह भी पूछा कि क्या उन्होंने उस समारोह में किसी गरीब, किसान और मजदूर को देखा. उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में उद्योगपतियों और बॉलीवुड सितारों की लाइन लगी हुई थी.
गांधी ने कहा, “पांच प्रतिशत लोगों के पास देश की हर संस्था को नियंत्रित करने का काम है जबकि 90 फीसदी लोग मजदूर के रूप में काम करते हैं.” जातिगत जनगणना की वकालत करते हुए उन्होंने कहा, ”यह हिन्दुस्तान की प्रगति का सबसे बडा सवाल है.. प्रगति करनी है तो एक ऐतिहासिक काम करना होगा.” गांधी ने आरोप लगाया कि केंद्र ने युवाओं के लिए सभी रास्ते बंद कर दिये हैं. उन्होंने कहा, ”पहले युवा सेना में जाते थे.. लेकिन अब उन्हें अग्निवीर कर दिया गया, पहले सार्वजनिक उपक्रम हुआ करता था… अब उनसभी का निजीकरण कर दिया गया. पहले सरकारी कॉलेज, स्कूल होते थे, अच्छे चलते थे , अब वे बंद कर दिये गये. पहले सरकारी अस्पताल होते थे.. अब वे बंद कर दिये गये.”
उन्होंने कहा कि कांग्रेस आदिवासियों के साथ खड़ी है और वह उनके लिए पेसा (पीईएसए) अधिनियम लेकर आई है . उन्होंने कहा, “हम आदिवासियों के लाभ के लिए भविष्य में कई कानून लाएंगे.” कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी पार्टी के घोषणापत्र और वादों के बारे में बात की. उन्होंने कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव में केंद्र में पार्टी की सरकार बनने पर युवाओं को ‘भर्ती भरोसे’ की गारंटी दी जाएगी जिसके तहत सरकारी नौकरियों के रिक्त पद भरे जाएंगे. उन्होंने कहा कि जब भी कांग्रेस पार्टी हुकुमत में आयी है तब उसने हमेशा गरीबों का ख्याल रखकर काम किया है. उन्होंने कहा, ”बाबा साहेब आंबेडकर के नेतृत्व में देश का संविधान बनाया गया और आज उस संविधान से ही सभी लोगों को सहूलियत मिल रही है.”
हम युवाओं को ‘भर्ती भरोसे’ की गारंटी देंगे: खरगे
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बृहस्पतिवार को कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव में केंद्र में पार्टी की सरकार बनने पर युवाओं को ‘भर्ती भरोसे’ की गारंटी दी जाएगी जिसके तहत सरकारी नौकरियों के रिक्त पद भरे जाएंगे. खरगे ने पार्टी की ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ के तहत बांसवाड़ा में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए यह घोषणा की. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर कटाक्ष करते हुए खरगे ने यह भी कहा कि कांग्रेस की गारंटी पक्की गारंटी है.
कांग्रेस ने ‘एक्स’ लिखा, ”युवा न्याय… 2024 में कांग्रेस की सरकार बनते ही, देश के युवाओं को भर्ती भरोसा देकर, एक नई रोजगार क्रांति की शुरुआत की जाएगी.” खरगे ने युवाओं के लिए पांच बड़ी घोषणाएं कीं जिनमें भर्ती भरोसा, पहली नौकरी पक्की, पेपर लीक से मुक्ति, ‘गिग इकॉनमी’ में सामाजिक सुरक्षा एवं युवा रोशनी शामिल हैं. इस सभा को बाद में संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पार्टी की इन घोषणाओं के बारे में विस्तार से बताया. उन्होंने कहा कि सरकारी क्षेत्र में 30 लाख पद खाली हैं जिन्हें कांग्रेस की सरकार आने पर भरा जाएगा.
खरगे ने कहा, ”भाजपा हमेशा गरीबों के खिलाफ है. अगर आप भाजपा को मजबूत करेंगे तो मैं यह कहूंगा कि देश के खिलाफ काम होगा. इसलिये हम युवाओं के लिये ये पांच घोषणा करते हैं.” राजस्थान विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार पर हैरानी जताते हुए खरगे ने कहा, ”लोग बगैर काम करे जीतते हैं लेकिन हम यहां (राजस्थान) में काम करके हार गये.. इसकी क्या वजह है?” उन्होंने कहा,’ हमारी गारंटी मोदी जी जैसी नहीं है … हमारी गारंटी तो पक्की गारंटी होती है, मोदी जैसी गारंटी नहीं होती है.” उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी ने नोटबंदी कर और जीएसटी लाकर देश के गरीब को बर्बाद किया. उन्होंने कहा,” आदिवासी, अनुसूचित जाति, अन्य पिछडा वर्ग , गरीब लोग एवं किसान एकजुट होंगे तो मोदी सत्ता छोड़कर भाग जाएंगे.” उन्होंने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी देने और जातिगत जनगणना करवाने की बात भी कही.
‘डबल इंजन’ सरकार में न्याय मांगना गुनाह: राहुल
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में कथित दुष्कर्म की घटनाओं को लेकर बृहस्पतिवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधा और दावा किया कि भाजपा की ‘डबल इंजन’ सरकार में न्याय की मांग करना गुनाह है. कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने उत्तर प्रदेश के कानपुर में दो बच्चियों के साथ कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार की घटना को लेकर आरोप लगाया कि राज्य में “जंगल राज” है, जहां कानून नाम की चीज नहीं बची है.
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ”नरेन्द्र मोदी की डबल इंजन सरकारों में हो रहे ‘डबल अन्याय’ को इन दो घटनाओं से समझिए! उत्तर प्रदेश में दो बहनों ने अपने साथ हुए दुष्कर्म के बाद फांसी लगा ली, अब न्याय न मिलने और मुकदमा वापस लेने के दबाव पर उनके पिता को भी फांसी लगानी पड़ी.” उन्होंने कहा, ”मध्य प्रदेश में एक महिला की इज्जत सरेबाज.ार तार-तार हुई. गरीब पति ने न्याय की गुहार लगाई, लेकिन सुनवाई न होने से निराश होकर वह अपने दोनों बच्चों के साथ फांसी पर झूल गया.” उन्होंने दावा किया कि ‘डबल इंजन सरकार’ में न्याय मांगना गुनाह है.
राहुल गांधी के मुताबिक, ”मित्र मीडिया द्वारा बड़ी मेहनत से गढ.ी गई झूठी छवि की रक्षा के लिए पीड़ित ही नहीं, बल्कि उनके परिवारों तक से दुश्मन जैसा व्यवहार भाजपा शासित राज्यों में परंपरा बन चुकी है.” उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा राज में हाथरस से लेकर उन्नाव और मंदसौर से लेकर पौड़ी तक महिलाओं के खिलाफ हुए अत्याचार के बाद उनके परिवारों को न्याय के लिए तरसाया गया.
राहुल गांधी ने कहा, ”इस भयंकर अन्याय के विरुद्ध आवाज उठाइए, वरना आज नहीं तो कल इस अत्याचार की आग आप तक भी पहुंचेगी.” प्रियंका गांधी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “कानपुर में सामूहिक बलात्कार की पीड़ित दो नाबालिग बच्चियों ने आत्महत्या कर ली. अब उन बच्चियों के पिता ने भी आत्महत्या कर ली है. आरोप है कि पीड़ित परिवार पर समझौता करने का दबाव बनाया जा रहा था.”
उन्होंने कहा, “उत्तर प्रदेश में पीड़ित बच्चियां-महिलाएं अगर न्याय मांगती हैं तो उनके परिवारों को बर्बाद कर देना नियम बन चुका है. उन्नाव, हाथरस से लेकर कानपुर तक- जहां भी महिलाओं के साथ अत्याचार हुआ, उनके परिवार बर्बाद कर दिए गए.” कांग्रेस महासचिव ने आरोप लगाया कि इस ‘जंगलराज’ में महिला होना मात्र अपराध हो गया है, जहां कानून नाम की कोई चीज नहीं बची है.
प्रियंका गांधी ने सवाल किया, “आखिर प्रदेश की करोड़ों महिलाएं क्या करें, कहां जाएं?”



