
रियो डी जेनेरियो. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ब्राजील में लोगों के बीच वेदांत और गीता को लोकप्रिय बनाने वाले जोनास मसेट्टी से मुलाकात की और उनके प्रयासों के लिए उनकी सराहना की. प्रधानमंत्री मोदी ने जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के बाद ब्राजील से रवाना होने से पहले मसेट्टी से मुलाकात की. मसेट्टी को विश्वनाथ के नाम से भी जाना जाता है.
मोदी ने ‘एक्स’ पर फोटो के साथ पोस्ट किया, ” जोनास मसेट्टी और उनकी टीम से मुलाकात हुई. मैंने ‘मन की बात’ कार्यक्रम के दौरान वेदांत और गीता के प्रति उनके जुनून का जिक्र किया था. उनकी टीम ने संस्कृत में रामायण की झलकियां पेश कीं.” मोदी ने कहा, ” यह सराहनीय है कि भारतीय संस्कृति पूरी दुनिया पर प्रभाव डाल रही है.” मसेट्टी ने मोदी से मुलाकात के दौरान सफेद धोती पहनी हुई थी और उनके माथे पर तिलक था. उनके साथ उनकी टीम के लोग भी मौजूद थे. इस दल ने संस्कृत में रामायण की एक छोटी सी झलक भी पेश की.
मोदी ने 29 नवंबर 2020 को अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में मसेट्टी की सराहना की थी और इस बात पर प्रकाश डाला था कि किस तरह से वह भारत की संस्कृति को लोकप्रिय बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं.. मोदी ने तब ‘मन की बात’ के संबंध में ‘एक्स’ पर पोस्ट किया था,” जोनास मसेट्टी ब्राजील में रहते हैं और वहां के लोगों के बीच वेदांत के साथ-साथ गीता को भी लोकप्रिय बना रहे हैं. वह हमारी संस्कृति और लोकाचार को लोकप्रिय बनाने के लिए तकनीक का प्रभावी ढंग से उपयोग करते हैं.” पोस्ट के अनुसार मसेट्टी मैकेनिकल इंजीनियर हैं और स्टॉक मार्केट से जुड़ी एक कंपनी में काम करते थे लेकिन बाद में उन्हें भारतीय संस्कृति विशेष रूप से वेदांत में रुचि पैदा हुई. प्रधानमंत्री मोदी ने मन की बात कार्यक्रम के दौरान इसे ‘स्टॉक से आध्यात्मिकता तक की लंबी यात्रा’ के रूप में र्विणत किया.



