
झांसी/सोनभद्र/बागपत. जिले में 38 वर्षीय महिला ने अपने किशोर बेटे की स्मार्टफोन की लत से परेशान होकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली. पुलिस ने बृहस्पतिवार को बताया कि यह घटना रक्सा थाना क्षेत्र में हुई और मृतका की पहचान शीला देवी के तौर पर हुई है. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शीला देवी ने अपने 13 वर्षीय बेटे की मोबाइल गेम और टेलीविजन की लत से परेशान होकर किराए के मकान के एक कमरे में मंगलवार रात को फंदा लगा लिया. उन्होंने बताया कि शीला को निकटवर्ती अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
अधिकारियों के अनुसार, एक निजी बैंक में कर्मचारी रवींद्र प्रताप सिंह की पत्नी शीला अपने बेटे को बार-बार ‘स्क्रीन टाइम’ कम करने और पढ़ाई पर ध्यान देने के लिए कहती थीं. अधिकारियों ने बताया कि उनके लगातर टोकने के बावजूद लड़का मोबाइल का बेतहाशा इस्तेमाल करता रहा. थाना प्रभारी (एसएचओ) रूपेश कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच से पता चलता है कि महिला ने अपने बेटे के मोबाइल के अत्यधिक इस्तेमाल से तंग आकर यह कदम उठाया. उन्होंने कहा, “परिवार की ओर से अब तक कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है. आगे की जांच जारी है.”
मां ने बच्चे को जलते चूल्हे में फेंकने के बाद फांसी लगायी, दोनों की मौत
उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जनपद के बभनी थाने के जोबेदह गांव में एक महिला ने दस माह के अपने बच्चे को जलते चूल्हे में फेंक दिया जिससे उसकी मौत हो गयी . महिला ने बच्चे की मौत के बाद फांसी लगा कर आत्महत्या कर ली . पुलिस ने इसकी जानकारी दी. बभनी थाने के प्रभारी निरीक्षक कमलेश पाल ने बताया कि मरने वाली महिला की पहचान राजपति (28) के तौर पर हुयी है . उन्होंने बताया कि वह बुधवार को छत्तीसगढ़ स्थित अपने ससुराल से मायके आई थी.
उन्होंने बताया कि बुधवार को रात के खाने के बाद जब सभी घरवाले सो गए तब राजपति ने दस माह के बेटे को जलते चूल्हे में फेंक दिया, जिससे उसकी मौत हो गई. राजपति ने बेटे की मौत के बाद ख.ुद को भी साड़ी का फंदा बनाकर घर की बड़ेर से फांसी लगा ली, जिससे उसकी भी मौत हो गयी . परिजनों का कहना है कि उसका पति बाहर रहकर कार्य करता है, इस वजह से वह मानसिक रूप से काफी परेशान रहती थी . पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है.
मां के जनाजे में शामिल हुए युवक की ईंटों से कुचल कर हत्या
बागपत शहर में एक व्यक्ति की उसके ही परिजनों ने ईंटों से कुचल कर कथित तौर पर हत्या कर दी. यह वारदात उस समय हुई जब मृतक अपनी मां के जनाजे में शामिल होने के लिए कब्रिस्तान पहुंचा था. पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है जबकि अन्य अभियुक्तों की तलाश की जा रही है.
पुलिस के अनुसार, मामला बागपत शहर के ईदगाह मोहल्ले की झंकार गली में बुधवार का है. नफीस (40) करीब छह वर्ष पहले अपने चचेरे भाई की पत्नी को भगा ले गया था. दोनों ने सहारनपुर में निकाह कर लिया था और तब से वहीं रह रहे थे. इस घटना के बाद से परिवारों में गहरी रंजिश चल रही थी.
उन्होंने बताया कि बुधवार को नफीस की मां मकसूदी का इंतकाल हो गया था. जानकारी मिलते ही नफीस सहारनपुर से बागपत पहुंचा और मां के जनाजे में शामिल हुआ. जनाजे की नमाज के बाद जब नफीस कब्रिस्तान में मौजूद था, तभी उसके चचेरे भाइयों, उनके बेटों और दामाद ने उस पर हमला कर दिया.
आरोप है कि हमलावरों ने नफीस को कब्रिस्तान से बाहर खींचकर सड़क पर गिराया और ईंटों से सिर पर वार कर उसकी हत्या कर दी.
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल अवस्था में उसे अस्पताल ले गई, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
बागपत कोतवाली प्रभारी डी के त्यागी ने बृहस्पतिवार को बताया “हत्या के मामले में मोहसिन समेत कुल छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है. मुख्य आरोपी मोहसिन को गिरफ्तार कर लिया गया है और अन्य की तलाश में टीमें दबिश दे रही हैं.”



