नयी दिल्ली. बिहार के उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने शुक्रवार को कहा कि नीतीश कुमार का राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन से अलग होने का निर्णय ‘भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के मुंह पर तमाचा’ है और बिहार में जो दृश्य दिखा है वो आने वाले दिनों में पूरे देश में दिखने वाला है. उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव सीताराम येचुरी और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव डी राजा से मुलाकात के बाद यह टिप्पणी की.
यादव ने भाजपा पर जांच एजेंसियों का दुरुपयोग करने का आरोप लगाते हुए यह भी कहा कि बिहार के लोग ‘बिकाऊ नहीं, टिकाऊ हैं’ तथा उन्हें किसी एजेंसी से नहीं डराया जा सकता. पिछले दिनों बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन को छोड़ कर महागठबंधन का हिस्सा बन गए. नीतीश की अगुवाई वाली नयी सरकार में तेजस्वी यादव एक बार फिर से उप मुख्यमंत्री बने हैं. इस नए राजनीतिक घटनाक्रम के बाद वह पहली बार दिल्ली पहुंचे हैं.
सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद यादव ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘बिहार में सत्ता परिवर्तन के बाद आज पहली बार दिल्ली आया हूं. आज अपने साथी घटक दलों के शीर्ष नेतृत्व से मिला हूं. येचुरी जी, राजा जी और सोनिया गांधी जी से मुलाकात हुई है. नयी सरकार को लेकर सभी लोगों ने बधाई दी. हम सभी लोगों ने नीतीश जी के निर्णय का स्वागत किया है.’’ उनका कहना था कि यह सरकार मजबूती के साथ चलेगी क्योंकि यह गरीब की सरकार और आम जनता की सरकार है.
बिहार के उप मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘नीतीश जी के निर्णय ने सही समय पर भाजपा को तमाचा मारने का काम किया है. भाजपा को छोड़कर सभी दल एकजुट हो चुके हैं. यही दृश्य पूरे देश में दिखेगा.’’ उनके अनुसार, ‘‘पूरे देश में लोग महंगाई और बेरोजगारी से परेशान हैं. जो लोग ंिहदू-मुसलमान को लड़वाकर राज करना चाहते थे, जो गंगा-जमुनी तहजीब को नुकसान पहुंचाना चाहते थे, उन्हें बिहार ने जवाब दिया है.’’
उन्होंने दावा किया, ‘‘मध्य प्रदेश, झारखंड और महाराष्ट्र में हमने देखा कि जो डरेगा उसे डराओ और जो बिकेगा उसे खरीदो, यही काम भाजपा का रह गया है. हर संवैधानिक संस्था को एक-एक करके बर्बाद किया जा रहा है. ईडी और सीबीआई की हालत एक थाने से भी बदतर हो गई है.’’ यादव ने जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए कहा, ‘‘बिहारी डरता नहीं है. बिहार बिकाऊ नहीं, टिकाऊ है. हम किसी नहीं डरते हैं. हम स्वाभिमान वाले लोग हैं.’’
उन्होंने यह भी कहा, ‘‘क्षेत्रीय पार्टियां ज्यादातर पिछड़ों और दलितों की हैं…क्षेत्रीय दल खत्म हो जाएंगे तो विपक्ष खत्म हो जाएगा. विपक्ष खत्म होगा तो लोकतंत्र खत्म होगा. लोकतंत्र खत्म होगा तो देश में तानाशाही चलेगी.’’ उनके अनुसार, ‘‘नीतीश जी ने हम पर आरोप लगाया, हमने उन पर आरोप लगाया. हम दोनों एक ही विचार के हैं…हम समाजवादी हैं. उन्होंने जो निर्णय लिया है वो स्वागत योग्य है.’’ यादव ने कहा, ‘‘जब राष्ट्रीय हित का विषय होता है तो हमारी जिम्मेदारी बनती है. ये दंगा-फसाद करना चाहते हैं…हमारे देश की यही खूबसूरती है कि यहां विविधिता में एकता है. देश को बचाना है, इसलिए हम एक हुए हैं.’’
भाजपा के ‘जंगलराज’ से संबंधित आरोपों पर उप मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘जंगलराज में खड़े होकर चिल्लाओ और आपका कोई मुंह नहीं तोड़े तो फिर जंगल राज कैसा है? जंगलराज तो केंद्र में है जहां भाजपा के सांसद चूं तक नहीं कर सकते…एनसीआरबी का आंकड़ा उठाकर देख लीजिए. बिहार का स्थान कहां पर है…सच्चाई बाहर आएगी.’’ इससे पहले, राष्ट्रीय जनता दल के नेता ने येचुरी और राजा से मुलाकात की तस्वीरें साझा करते हुए ट्वीट किया, ‘‘सीताराम येचुरी जी एवं डी राजा जी से मिलकर देश और राज्य की वर्तमान सामाजिक, आर्थिक व राजनीतिक परिस्थितियों पर सकारात्मक चर्चा हुई. लोकतंत्र की जननी बिहार ने फिर देश को दिशा दिखाई है.’’
येचुरी ने ट्वीट कर कहा, ‘‘बिहार में धर्मनिरपेक्ष महागठबंधन सरकार के गठन पर तेजस्वी यादव से आज मिल कर और बधाई दे कर ख़ुशी हुई. हमें पूरा यकÞीन है कि यह सरकार अपने सारे फÞैसले बिहार की जनता – ख़ास तौर पर गÞरीब, शोषित और वंचित वर्ग – के हकÞ में करेगी.’’