नयी दिल्ली. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरंिवद केजरीवाल ने सोमवार को दावा किया कि शहर में कई इलाकों में चलाए जा रहे अतिक्रमण रोधी अभियान से 63 लाख लोग बेघर हो जाएंगे और यह आजाद भारत की ‘‘सबसे बड़ी तबाही’’ होगी. केजरीवाल ने भाजपा शासित नगर निगमों के कार्यकाल के एक दम अंत में इतने बड़े पैमाने पर अभियान शुरू करने को लेकर उनकी नैतिकता, संवैधानिकता और कानूनी अधिकार पर सवाल उठाए.
उन्होंने कहा, ‘‘दिल्ली का विकास योजनाबद्ध शहर के तौर पर नहीं किया गया है. दिल्ली के 80 प्रतिशत से अधिक हिस्से को अवैध तथा अतिक्रमित कहा जा सकता है. इसका मतलब क्या आप 80 प्रतिशत दिल्ली को तबाह कर देंगे?’’ केजरीवाल ने आम आदमी पार्टी (आप) के विधायकों के साथ इस मुद्दे पर बैठक के बाद आॅनलाइन माध्यम से संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए मांग की कि नगर निगमों के टाल दिए गए चुनावों को अभी कराया जाए ताकि चुनाव के बाद गठित होने वाला नया निगम मामले पर फैसला कर सके.
‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक ने भाजपा पर हमला करते हुए कहा, ‘‘आप 63 लाख लोगों को बेघर कर देंगे और उनके घरों और दुकानों को बुलडोजर के जरिए तोड़कर उनके दैनिक जीवन खराब को कर देंगे. स्वतंत्र भारत में यह सबसे बड़ी तबाही होगी. कोई इसे बर्दाश्त नहीं करेगा.’’ उन्होंने कहा, ‘‘ अब जब आपका (भाजपा शासित निगमों का) कार्यकाल पूरा होने में सिर्फ दो दिन बचे हैं, तो क्या आपके पास इतना बड़ा निर्णय लेने की कोई नैतिक, कानूनी और संवैधानिक शक्ति है? चुनाव कराएं. चुनाव के बाद नई एमसीडी (दिल्ली नगर निगम) को निर्णय लेने दें.’’ चुनाव में ‘आप’ की जीत होने का भरोसा जताते हुए केजरीवाल ने वादा किया कि आप शहर की नगर निगमों में सत्ता में आने के बाद दिल्ली में अवैध निर्माण और अतिक्रमण की समस्या का समाधान करेगी और दिल्ली को “बेहतर और सुंदर” बनाएगी.
उन्होंने कहा कि ‘आप’ अगर एमसीडी में सत्ता में आती है, तो अनधिकृत कॉलोनियों को नियमित किया जाएगा और वहां रहने वाले लोगों को उनके घरों का मालिकाना हक दिया जाएगा और झुग्गियों में बसे लोगों के लिए घर बनाकर “सम्मान का जीवन” दिया जाएगा.
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘जिन लोगों ने कुछ ऐसे बदलाव किए हैं जो लोगों को प्रभावित करते हैं या सड़कों पर कब्जा कर लिया है, जिससे लोगों की आवाजाही में बाधा डलती है, उन्हें एक मौका दिया जाएगा और (अनधिकृत ढांचों) को हटाने के लिए कहा जाएगा. बहुत से लोग ऐसा खुद ही करे लेंगे. हमने ऐसा कई बार किया है.’’ केजरीवाल ने भाजपा पर “गुंडागर्दी” और सत्ता के “दुरुपयोग” का आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी पार्टी अतिक्रमण रोधी अभियान का विरोध करना जारी रखेगी.
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने (‘आप’ विधायकों के साथ) बैठक की और मैंने उनसे कहा कि आपको लोगों के साथ खड़ा होना होगा. जेल जाने से भी घबराएं नहीं.’’ केजरीवाल ने कहा कि उनकी पार्टी अतिक्रमण के पक्ष में नहीं है, लेकिन वह भाजपा शासित नगर निगमों की ओर से जिस तरीके से और जिनते बड़े स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है उसका विरोध कर रही है.
उन्होंने कहा, ‘‘उनकी योजना उन सभी अनधिकृत कॉलोनियों को तोड़ने की है जहां करीब 50 लाख लोग रहते हैं. उनकी योजना उन सभी झुग्गियों को ध्वस्त करने की है जहां करीब 10 लाख लोग रहते हैं. इसके अलावा, उन्होंने तीन लाख संपत्ति मालिकों की सूची तैयार की है, जिनके बारे में कहा जाता है कि उन्होंने स्वीकृत नक्शे से हटकर निर्माण करवाया है.’’ उन्होंने कहा कि पिछले 75 साल में जिस तरह से दिल्ली का विकास और विस्तार हुआ है, उसे देखते हुए, शहर के 80 प्रतिशत से अधिक ढांचे अनधिकृत निर्माण और अतिक्रमण की श्रेणी में आएंगे.
उन्होंने कहा कि ‘आप’ चाहती है कि दिल्ली खूबसूरत दिखे, लेकिन इसके लिए 63 लाख लोगों के मकानों तथा दुकानों को तोड़ना बर्दाशत नहीं किया जाएगा. केजरीवाल ने कहा, ‘‘पिछले 15 साल से एमसीडी पर भाजपा का शासन चल रहा है. उन्होंने अब तक क्या किया है? उन्होंने कथित रूप से रिश्वत लेकर अधिक से अधिक अतिक्रमण और अवैध निर्माण होने दिया. ’’ उन्होंने कहा, ‘‘ वे विभिन्न कॉलोनी में बुलडोजर के साथ पहुंच रहे हैं और किसी भी दुकान तथा मकान को उसकी मदद से गिरा रहे हैं. अगर लोग उन्हें ढांचे के वैध होने के दस्तावेज दिखाते भी हैं, तो वे उसकी जांच नहीं करते.’’ केजरीवाल ने कहा ‘‘यह गुंडागर्दी, सत्ता का दुरुपयोग सही नहीं है.’’ भाषा