
लंदन. लंदन निवासी भारतीय मूल की फिल्मकार संध्या सूरी की फिल्म ‘संतोष’ को ऑस्कर पुरस्कार की अंतरराष्ट्रीय फीचर फिल्म श्रेणी में ब्रिटेन की आधिकारिक प्रविष्टि के तौर पर शामिल किया गया है. ब्रिटिश एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन आर्ट्स (बाफ्टा) ने बुधवार को एक बयान जारी कर कहा, ”बाफ्टा को यह पुष्टि करते हुए खुशी हो रही है कि संध्या सूरी की फिल्म ‘संतोष’ को अगले साल होने वाले ऑस्कर पुरस्कार की अंतरराष्ट्रीय फीचर फिल्म श्रेणी के लिए ब्रिटेन की आधिकारिक प्रविष्टि के तौर पर चुना गया है.” ‘संतोष’ की कहानी भारत के उत्तर प्रदेश राज्य की पुलिस पर आधारित है, जिसमें हिंदी भाषा के संवाद भी हैं. यह फिल्म एक विधवा गृहिणी के ईद-गिर्द घूमती है, जो अपने दिवंगत पति की पुलिस कांस्टेबल की नौकरी हासिल करती है और एक युवती की हत्या की जांच में उलझ जाती है.
बाफ्टा की चयन समिति के सदस्य सर्वश्रेष्ठ अंतरराष्ट्रीय फीचर फिल्म श्रेणी के लिए एकेडमी ऑफ मोशन पिक्चर आर्ट्स एंड साइंसेज (एएमपीएएस) को प्रस्तुत करने के लिए ब्रिटेन की आधिकारिक प्रविष्टि का चयन करते हैं. ‘संतोष’ इस वर्ष के बीएफआई लंदन फिल्म महोत्सव (एलएफएफ) में प्रथम फिल्म प्रतियोगिता सदरलैंड पुरस्कार के लिए भी दावेदारी में है. एलएफएफ का आयोजन अगले महीने होगा. इस फिल्म को काफी लोगों ने सराहा है. फिल्म में प्रमुख किरदार शहाना गोस्वामी ने निभाया है. फिल्म का प्रीमियर 77वें कान फिल्मोत्सव में हो चुका है.
संध्या सूरी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से एक साक्षात्कार में कहा, ”मैं वास्तव में ऐसी नहीं हूं जो किसी को कुछ सिखाने के लिए फिल्म बनाना चाहती हो. मेरे पास कोई विशेष अभियान या ऐसी चीज नहीं है जिन्हें मुझे पूरा करना है. तो, मुझे उपदेशात्मक फिल्में पसंद नहीं हैं. लेकिन, मेरे लिए जो दिलचस्प था वह एक तरह की जगह का विचार था.” सूरी ने अपनी भारतीय विरासत और वृत्तचित्र फिल्म निर्माण की विशेषज्ञता का लाभ उठाते हुए 44 दिन में लखनऊ और उसके आसपास अपनी पहली फीचर फिल्म ‘संतोष’ की शूटिंग प्रतिभाशाली स्थानीय क्रू की मदद से पूरी की. सूरी ने ही फिल्म की पटकथा भी लिखी है.
सूरी ने फिल्म की शूटिंग को लेकर अपने अनुभव साझा करते हुए कहा, ”मैं उत्तर प्रदेश में शूटिंग करना चाहती थी क्योंकि मैं मूल रूप से वहीं से हूं और साथ ही मैं बहुत सारे लाइव लोकेशन पर फिल्मांकन करना चाहती थी. मेरे लिए प्रामाणिकता की भावना भरना बहुत महत्वपूर्ण था. मैं वृत्तचित्र फिल्म निर्माण की पृष्ठभूमि से आती हूं और इससे मुझे लगता है कि मैं कुछ वास्तविक बना रही हूं. ” सूरी का जन्म और पालन-पोषण उत्तर-पूर्व इंग्लैंड के डार्लिंगटन में हुआ है. वह खुद को लगातार भारत की ओर आर्किषत पाती हैं.



