नयी दिल्ली. कांग्रेस ने जम्मू-कश्मीर में तीर्थयात्रियों की बस पर हुए आतंकी हमले के बाद सोमवार को केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार किया और कहा कि उसे बताना चाहिए कि इस केंद्रशासित राज्य में शांति स्थापित करने के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं. पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने टी-20 विश्व कप में भारत और पाकिस्तान के बीच रविवार रात हुए मुकाबले का उल्लेख करते हुए यह सवाल भी किया कि ‘क्या आतंकवाद और क्रिकेट साथ-साथ चल सकते हैं? जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में रविवार शाम आतंकवादियों ने उत्तर प्रदेश के तीर्थयात्रियों को ले जा रही एक बस पर गोलीबारी की, जिससे बस खाई में जा गिरी. इस घटना में तीन महिलाओं समेत नौ लोगों की मौत हो गई और 33 अन्य लोग घायल हुए हैं.
खेड़ा ने एक बयान में कहा, ”एक तरफ राजग सरकार का शपथ ग्रहण कार्यक्रम चल रहा था. दूसरी ओर कश्मीर में निहत्थे तीर्थयात्रियों पर आतंकी हमला हो रहा था. उसी समय भारत पाकिस्तान के बीच क्रिकेट मैच चल रहा था.” उन्होंने कहा, ”हमें पिछले 10 साल से कहा जा रहा है कि कश्मीर में शांति आ गई है. कहां है शांति? किसके लिए है शांति? बाहर के मजदूरों के लिए शांति नहीं है. कश्मीरी पंडित नहीं मानते कि शांति आ गई. स्थानीय नागरिक नहीं मानते कि शांति आ गई. सुरक्षा बलों के लिए शांति नहीं है. पर्यटकों के लिए शांति नहीं है.” उन्होंने कहा कि सिर्फ भाषण देने, अपनी छाती ठोकने से शांति नहीं आ सकती है.
खेड़ा ने कहा, ”हम पूछना चाहते हैं कि क्या क्रिकेट व आतंकवाद एक साथ चल सकते हैं? क्या शांति लफ्फाजी से आती है?” उन्होंने यह सवाल भी किया, ”शांति के लिए क्या ठोस कदम उठाए जा रहे हैं? ” खेड़ा का कहना था कि इसका जवाब पूरा देश मांग रहा है. कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने संवाददाताओं से कहा, ”हम मृतकों को श्रद्धांजलि देते हैं और उनके परिवारों के प्रति हमारी संवेदनाएं हैं. जो लोग घायल हैं, उनके शीघ्र स्वास्थ्य की कामना भी करते हैं. हम हिंसा और आतंकवाद के खिलाफ देश और सरकार के साथ खड़े हैं. श्रद्धालुओं की बस पर हमला करने वाले कायर हैं.” उन्होंने यह सवाल भी किया, ”आखिर कानून व्यवस्था ध्वस्त क्यों है?”