पटना/तिरुवनंतपुरम. राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव ने मंगलवार को आरोप लगाया कि अल्पसंख्यक समुदाय के प्रति सत्तारूढ़ भाजपा की ‘नफरत’ के कारण मुसलमानों को केंद्रीय मंत्रिपरिषद में कोई प्रतिनिधित्व नहीं मिला. बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री यादव ने यह भी कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत ने मणिपुर में हिंसा पर चिंता व्यक्त करने में ‘देरी’ की और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘चुप’ रहने के कारण वहां स्थिति और बिगड़ गयी.
यादव ने 72 सदस्यीय केंद्रीय मंत्रिपरिषद में एक भी मुस्लिम को शामिल नहीं किए जाने के बारे में पूछे जाने पर संवाददाताओं से कहा, “यह साफ तौर पर नफरत का संकेत है…..दूसरी ओर, हम समाज के सभी वर्गों को साथ लेकर चलने में भरोसा करते हैं.” मणिपुर के संबंध में भागवत की चिंता के बारे में पूछे जाने पर, यादव ने कहा, “उन्होंने इस बारे में काफी देर से टिप्पणी की है. वहीं प्रधानमंत्री ने हर संकट पर चुप्पी साध रखी है, चाहे वह उस राज्य में हिंसा हो या दिल्ली में किसानों और महिला पहलवानों का विरोध प्रदर्शन.” मणिपुर में जातीय संघर्ष में 200 से अधिक लोगों की मौत हो गई है और हजारों लोग बेघर हुए हैं.
यादव ने कहा कि भाजपा नीत नयी केंद्र सरकार में “निर्णायक भूमिका” होने के बावजूद, बिहार को विभागों के आवंटन में उचित हिस्सेदारी नहीं मिली. हालांकि, उन्होंने उम्मीद जताई कि राज्य के आठ मंत्री बिहार के लिए विशेष दर्जा, वंचित जातियों के लिए आरक्षण बढ़ाकर 75 प्रतिशत करने वाले कानून को नौवीं अनुसूची में शामिल करने और देशभर में जाति आधारित जनगणना जैसी मांगों को लेकर अपनी आवाज उठाएंगे.
मोदी सरकार में मुस्लिम आबादी का प्रतिनिधित्व नहीं होना ‘अत्यंत अलोकतांत्रिक’ : सुधाकरन
केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) के अध्यक्ष के. सुधाकरन ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की तीसरी सरकार में मुसलमानों का प्रतिनिधित्व नहीं होने का आरोप लगाते हुए मंगलवार को दावा किया कि यह ‘अत्यंत अलोकतांत्रिक’ है. वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने एक बयान में कहा, ”यह अत्यंत अलोकतांत्रिक है कि तीसरी बार मोदी सरकार के सत्ता में आने पर देश की मुस्लिम आबादी को पूरी तरह से अलग रखा गया, तथा भाजपा का एक भी सांसद उस समुदाय से नहीं है.”
सुधाकरन ने मोदी की आलोचना करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक प्रणाली में सभी का प्रतिनिधित्व होना सामान्य बात है. लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री के कुछ बयानों का जिक्र करते हुए कन्नूर से लोकसभा सदस्य ने आरोप लगाया कि वह नफरत भरे भाषण देकर सत्ता में आए. सुधाकरन ने कहा कि आज देश में मजबूत विपक्ष है और ‘इंडिया’ गठबंधन तथा कांग्रेस सभी लोगों को एक साथ लेकर आगे बढ.ेंगे.