भाजपा को हरायेगा ‘इंडिया’, किसी पद की चाह नहीं है: ममता बनर्जी

कोलकाता. पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शुक्रवार को विश्वास जताया कि अगले साले होने वाले लोकसभा चुनाव में ‘इंडिया’ (इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव एलायंस) भाजपा को हराने में सफल रहेगा. उन्होंने ‘जीतेगा भारत’ के नारे को दोहराया.

बनर्जी ने इस बात पर भी जोर दिया कि उनका सारा ध्यान ”किसी पद की इच्छा रखने के स्थान पर गठबंधन (इंडिया) की जीत पर है.” मणिपुर संकट को लेकर केन्द्र सरकार के खिलाफ हमला जारी रखते हुए तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ‘बेटी बचाओ’ योजना अब ‘बेटी जलाओ’ में बदल गई है. बनर्जी ने जानना चाहा कि मणिपुर में जातीय हिंसा में 160 से ज्यादा लोगों की मौत होने के बावजूद केन्द्र सरकार ने वहां केन्द्रीय दलों को क्यों नहीं भेजा है.

उन्होंने कहा, ”26 राजनीतिक दलों ने जो गठबंधन (इंडिया) बनाया है, मैं उससे खुश हूं. अब से हमारा नारा होगा ‘जीतेगा भारत’. भविष्य में हमारे सभी कार्यक्रम ‘इंडिया’ के बैनर तले होंगे.” विपक्षी गठबंधन के सबसे मुखर नेताओं में शामित ममता बनर्जी ने अपना रूख स्पष्ट करते हुए कहा, ”हमें किसी पद की परवाह नहीं है; हम सिर्फ हमारे देश में शांति और भाजपा को सत्ता से बाहर करना चाहते हैं. भाजपा सरकार ने शालीनता की सभी हदें पार कर दी हैं और अब समय आ गया है कि लोग उन्हें सत्ता से हटा दें.”

बनर्जी ने कहा, ”हमें याद रखना चाहिए कि अगर 2024 में भाजपा सरकार की सत्ता में वापसी होती है तो हमारे देश में लोकतंत्र नहीं बचेगा. हमें उन्हें सत्ता से बाहर फेंकना होगा. इसलिए मैं आज आह्वान कर रही हूं… भाजपा हारेगी, भारत जीतेगा और ‘जीतेगा भारत’. मैं भाजपा को हराने के लिए गठबंधन ‘इंडिया’ बनाने पर 26 राजनीतिक दलों को बधाई देती हूं.” पार्टी की वार्षिक शहीद दिवस रैली को संबोधित करते हुए बनर्जी ने मणिपुर के साथ एकजुटता प्रर्दिशत की और कहा कि विपक्षी गठबंधन का प्रत्येक नेता मणिपुर के साथ है.
बनर्जी ने कहा, ”सबसे पहले मैं बंगाल और ‘इंडिया’ की ओर से मणिपुर के लोगों के प्रति अपनी एकजुटता व्यक्त करना चाहती हूं.

मणिपुर में हमने जो अराजकता देखी है, उसकी कड़े शब्दों में आलोचना होनी चाहिए. केन्द्र सरकार का ‘बेटी बचाओ’ अभियान अब ‘बेटी जलाओ’ में बदल गया है.” उन्होंने कहा कि महिलाओं की स्थिति देश में उनके प्रति भाजपा की नीतियों को दर्शाती है. उन्होंने कहा, ”मणिपुर में हमारी बेटियां मर रही हैं और केन्द्र की भाजपा सरकार के शासन में यह एकमात्र घटना नहीं है. यहां तक कि बिल्कीस बानो मामले में इस सरकार ने बलात्कारियों को छोड़ दिया. ऐसे ही, हमारी महिला पहलवानों के प्रदर्शन के बावजूद मुख्य आरोपी भाजपा सांसद को जमानत मिल गयी है.”

बनर्जी ने कहा कि गैर-राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) दलों द्वारा शासित राज्य के मुख्यमंत्री मणिपुर का दौरा करेंगे और विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ के घटक दल इस दौरे की तैयारियों को अंतिम रूप दे रहे हैं. उन्होंने कहा कि मणिपुर की घटना से देश की महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंची है और आगामी चुनाव में बेटियां और माताएं भाजपा को इसका जवाब देंगी. भाजपा नीत केन्द्र सरकार को ‘आतंक का सौदागर’ बताते हुए बनर्जी ने आश्चर्य जताया कि बंगाल में पलक झपकते ही केन्द्रीय बल भेजने वाले मणिपुर हिंसा में 160 लोगों की मौत के बावजूद वहां केन्द्रीय बल क्यों नहीं भेज रहे हैं.

मणिपुर हिंसा की निंदा करने के स्थान पर ‘इधर उधर की बातें’ करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की आलोचना करते हुए बनर्जी ने कहा कि प्रधानमंत्री मणिपुर में हुई हिंसा की अन्य राज्यों की घटनाओं से गलत तुलना कर रहे हैं. उन्होंने कहा, ”भाजपा कब तक महिलाओं, दलितों, अल्पसंख्यकों और अनुसूचित जनजातियों का उत्पीड़न होने देगी? देश को तोड़ने के स्थान पर भाजपा सरकार ने क्या कभी भी बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाने के बारे में सोचा है? आज एक किलोग्राम टमाटर 120 रुपये का मिल रहा है.” बनर्जी ने कहा कि भाजपा का ‘खेल’ विभाजनकारी बलों को बढ़ावा देकर राज्यों को बांटने का है.

उन्होंने कहा, ”भाजपा बंगाल में हिंसा को बढ़ावा देना और राज्य को बांटना चाहती है. वे पर्वतीय क्षेत्रों को बंगाल से अलग करना चाहते हैं. वे राजबंशियों और कामतापुरियों में अलगाव पैदा करना चाहते हैं. वे कुर्मियों और आदिवासियों के बीच हिंसा भड़काना चाहते हैं.”

लोकसभा में पहली बार दिखाई दी ‘इंडिया’ की तख्ती

लोकसभा में शुक्रवार को पहली बार विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ की तख्ती दिखाई दी जिसे विपक्षी दलों के सदस्य मणिपुर हिंसा के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के बयान की मांग करते हुए लहरा रहे थे. कांग्रेस और वाम समेत विभिन्न विपक्षी दलों के सदस्य आसन के समीप आकर नारेबाजी कर रहे थे और उनके हाथों में तख्तियां थीं, जिन पर लिखा था ” ‘इंडिया’ जवाब चाहता है, चुप्पी नहीं” और ” ‘इंडिया’ चाहता है कि प्रधानमंत्री सदन में बोलें”.

पहली बार, विपक्षी गठबंधन के नाम ‘इंडियन नेशनल डवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) लिखीं तख्तियां लोकसभा में दिखाई दीं. विपक्षी गठबंधन के सदस्य सोमवार को संसद परिसर में गांधी प्रतिमा के पास संयुक्त धरना दे सकते हैं.

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