भारत की आध्यात्मिक परंपरा की वाहक हैं माता अमृतानंदमयी: प्रधानमंत्री मोदी

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Tue, 03 Oct 2023 08:54 PM
भारत की आध्यात्मिक परंपरा की वाहक हैं माता अमृतानंदमयी: प्रधानमंत्री मोदी
ऑडियो सुनें

कोल्लम. माता अमृतानंदमयी को सेवा और आध्यात्मिकता का प्रतीक बताते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि ‘अम्मा’ प्रेम, करूणा, सेवा और बलिदान का अवतार हैं और वह भारत की आध्यात्मिक परंपरा की वाहक हैं. अमृतानंदमयी के अनुयायी उन्हें ‘अम्मा’ कहकर संबोधित करते हैं.

माता अमृतानंदमयी के 70वें जन्मदिन के मौके पर मोदी ने एक वीडियो संदेश के जरिए उनके लंबे और स्वस्थ जीवन की कामना की और उम्मीद जताई कि दुनियाभर में प्रेम और करुणा फैलाने का उनका मिशन निरंतर प्रगति करता रहेगा. प्रधानमंत्री ने यहां अमृतापुरी में ‘अम्मा’ के अनुयाइयों समेत समाज के अलग अलग तबकों से आए लोगों को बधाई और शुभकामनाएं दीं.

‘अम्मा’ के साथ अपने 30 साल से ज्यादा वक्त के जुड़ाव पर प्रकाश डालते हुए प्रधानमंत्री ने बताया कि उन्होंने कच्छ में भूकंप आने के बाद लंबे वक्त तक उनके साथ काम किया था. उन्होंने अमृतापुरी में ‘अम्मा’ का 60वां जन्मदिन मनाए जाने को भी याद किया. मोदी ने कहा, ” आज भी, ‘अम्मा’ के मुस्कुराते चेहरे और स्नेही स्वभाव का सौहार्द पहले जैसा ही है.” प्रधानमंत्री ने कहा कि बीते 10 सालों में ‘अम्मा’ का कार्य और उनका प्रभाव दुनिया में कई गुना बढ़ा है. मोदी ने उनकी मौजूदगी में हरियाणा के फरीदाबाद में अमृता अस्पताल के उद्घाटन को याद किया.

मोदी ने कहा, ” ‘अम्मा’ की मौजूदगी और उनके आशीर्वाद को शब्दों में बयां करना मुश्किल है. हम बस इसे महसूस कर सकते हैं.” उन्होंने देश-विदेश में संस्थानों के निर्माण और उन्हें प्रोत्साहन देने के ‘अम्मा’ के कार्य को रेखांकित करते हुए कहा, ” स्वास्थ्य या शिक्षा का क्षेत्र हो, ‘अम्मा’ के मार्गदर्शन में हर संस्थान ने मानव सेवा और सामाजिक कल्याण को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है.” प्रधानमंत्री ने देश में शुरू किए गए स्वच्छता अभियान का जिक्र करते हुए कहा कि ‘अम्मा’ उन शुरुआती हस्तियों में थी जो इस अभियान को कामयाब बनाने के लिए आगे आई थी.

मोदी ने बताया कि अमृतानंदमयी ने गंगा के तटों पर शौचालय बनाने के लिए 100 करोड़ रुपये का दान दिया था जिससे स्वच्छता को बढ़ावा मिला. उन्होंने कहा, ” ‘अम्मा’ के अनुयायी पूरी दुनिया में हैं और उन्होंने (‘अम्मा’ ने) भारत की छवि और विश्वसनीयता को मजबूत किया है. जब प्रेरणा इतनी अच्छी हो तो प्रयास भी अच्छे हो जाते हैं.” प्रधानमंत्री ने टिप्पणी की कि ‘अम्मा’ जैसी शख्सियतें विकास के प्रति भारत के मानव-केंद्रित दृष्टिकोण का प्रतिबिंब हैं जिसे आज महामारी-बाद की दुनिया में स्वीकार किया जा रहा है.
उन्होंने कहा कि ‘अम्मा’ ने अक्षमों को सशक्त करने के लिए हमेशा मानवीय बलिदान दिया और वंचितों को प्राथमिकता दी.

संसद द्वारा कुछ दिन पहले पारित किए गए ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि महिलानीत विकास के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे भारत के पास ‘अम्मा’ जैसी प्रेरणादायक शख्सियत हैं. अंत में प्रधानमंत्री ने विश्वास जताया कि ‘अम्मा’ के अनुयायी दुनिया में शांति और प्रगति को बढ़ावा देने के लिए काम करना जारी रखेंगे.

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu