कोलकाता. कोलकाता के अधिवक्ता शांतनु सिन्हा ने भारतीय जनता पार्टी के आईटी प्रमुख अमित मालवीय और पार्टी की पश्चिम बंगाल इकाई के विरुद्ध ”झूठे और अपमानजनक आरोप” लगाने के लिए दिए गए कानूनी नोटिस मामले में मंगलवार को दावा किया कि उनके बयानों की ”गलत व्याख्या” की गई. सिन्हा ने यह भी कहा कि वह सोशल मीडिया पोस्ट वापस नहीं ले रहे हैं, लेकिन अगर इससे मालवीय को ठेस पहुंची है तो वह ”दिल से खेद” व्यक्त करते हैं.
उन्होंने फेसबुक पोस्ट में कहा, ”अगर मेरी पोस्ट से श्री मालवीय को ठेस पहुंची है या इस तरह की गलत व्याख्या और संपादित संस्करण के कारण छवि खराब हुई है, तो मैं इसके लिए अपना हार्दिक दुख व्यक्त करता हूं. क्योंकि मैंने अपनी पोस्ट में कुछ भी ऐसा अनुचित नहीं लिखा है, जिसका उद्देश्य किसी की छवि खराब करना हो, इसलिए मैं विवाद का कारण बनी पोस्ट को वापस नहीं ले रहा हूं.” संपर्क करने पर सिन्हा ने कहा कि यह कोई ”माफी” नहीं है, बल्कि पूरे विवाद पर स्थिति स्पष्ट करने का प्रयास है कि किस तरह उनके बयान की ”गलत व्याख्या” की गई.
उन्होंने पीटीआई से कहा, ”यह माफी नहीं है. मैंने यह नई पोस्ट लिखी है क्योंकि मैं अपनी स्थिति स्पष्ट करना चाहता था, क्योंकि मेरी पिछली पोस्ट की बहुत गलत व्याख्या और गलत प्रस्तुति की गई थी.” अपने सोशल मीडिया पोस्ट में अधिवक्ता ने कहा, ” यह मेरे लिए बहुत दुख की बात है कि देश की सबसे घटिया और भ्रष्ट राजनीतिक पार्टी, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस, मेरे फेसबुक खाते से बंगाली में पोस्ट की गई पोस्ट के जरिए अमित मालवीय और भारतीय जनता पार्टी के विरुद्ध नफरत भरा अभियान चला रही है.” सिन्हा ने इस बात पर भी आश्चर्य जताया कि राज्य भाजपा में से किसी ने भी इस पोस्ट का उद्देश्य जानने की कोशिश नहीं की बल्कि उसने ”संदिग्ध भूमिका” निभाई.
उन्होंने कहा, ” मैं स्पष्ट संदेश देना चाहता हूं कि इस पोस्ट का उद्देश्य मालवीय को बदनाम करना नहीं था, बल्कि हनी ट्रैप में न फंसने की चेतावनी देना था, जिसे सबसे पहले राज्य इकाई के पूर्व अध्यक्ष और त्रिपुरा के पूर्व राज्यपाल तथागत रॉय ने कामिनी कंचन (महिला और पैसा) नाम से सामने रखा था.” भाजपा आईटी विभाग के प्रमुख अमित मालवीय ने सिन्हा को उनके विरुद्ध ”झूठे और अपमानजनक बयान” देने के लिए कानूनी नोटिस भेजा था और इसके लिए माफी की मांग की थी.
कानूनी नोटिस में मालवीय के अधिवक्ता ने कहा कि सिन्हा ने फेसबुक पर एक पोस्ट में उनके मुवक्किल की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से ”कुछ झूठे और अपमानजनक आरोप” लगाए हैं. पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने सोमवार को मालवीय के विरुद्ध आरोपों को ”निराधार” और ” राजनीति से प्रेरित” करार दिया था.