नयी दिल्ली. राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने प्रतिबंधित खालिस्तानी संगठनों बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) और खालिस्तान टाइगर फोर्स (केटीएफ) से जुड़े तीन ”व्यक्तिगत आतंकवादियों” के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया है. एक अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी.
उन्होंने बताया कि एजेंसी ने आरोपपत्र में भारत में आतंकी गतिविधियों के लिए भर्ती और संचालन में शामिल तीनों आतंकियों के अंतरराष्ट्रीय संबंधों का खुलासा किया है. एजेंसी के एक प्रवक्ता ने कहा कि रविवार को एक विशेष अदालत के समक्ष दाखिल आरोपपत्र में बीकेआई और केटीएफ के लिए काम करने वाले छह अन्य सहयोगियों का भी नाम शामिल किया गया है, जिसमें दोनों संगठनों के लिए धन जुटाने की एक जटिल व्यवस्था को भी रेखांकित किया गया है.
एनआईए ने कहा कि वह बीकेआई और केटीएफ से जुड़े 16 अन्य फरार और गिरफ्तार आरोपियों के संबंधों की भी जांच कर रही है.
प्रवक्ता ने कहा कि कुख्यात गैंगस्टर से आतंकवादी बने एवं मादक पदार्थ तस्कर – हरविंदर सिंह संधू उर्फ ‘रिंडा’, बीकेआई का लखबीर सिंह संधू और केटीएफ का अर्शदीप सिंह उर्फ ‘अर्श डाला’ – देश से बाहर रह रहे हैं और उन्होंने भारत में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए वहां अपने गुर्गों का गिरोह बनाया है.
उन्होंने कहा, ”विदेश में रह रहे गुर्गों के इस गिरोह के माध्यम से, वे भारत में आतंकवादी गतिविधियों, जबरन वसूली और हथियारों एवं मादक पदार्थ की सीमा पार तस्करी को अंजाम देने के लिए भारत में अपने सहयोगियों की भर्ती कर रहे हैं.” प्रवक्ता ने कहा, ”स्थानीय स्तर के कुख्यात अपराधियों और संगठित गिरोह सहित उत्तर भारत में सक्रिय प्रमुख गिरोहों के साथ भी इन आतंकवादियों के संबंध हैं.” एनआईए के मुताबिक, रिंडा बीकेआई का बेहद अहम सदस्य है. एजेंसी ने कहा, ”वर्ष 2018-19 में रिंडा अवैध रूप से पाकिस्तान भाग गया और वर्तमान में पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के संरक्षण में वहां रह रहा है और भारत के खिलाफ आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने में शामिल है.”