प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को महान गायिका लता मंगेशकर की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी और कहा कि भारतीय संगीत की दुनिया में उनके अतुलनीय योगदान को आने वाली पीढि़यां भी याद रखेंगी।
लता मंगेशकर का जन्म 28 सितंबर 1929 को हुआ था और उनका निधन छह फरवरी 2022 को हुआ। मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”श्रद्धेय लता दीदी को उनकी जयंती पर सादर नमन। उन्होंने अपनी दिव्य गायन प्रतिभा से दुनियाभर में देश का नाम रोशन किया। उन्होंने भारतवर्ष को न केवल अपने सुमधुर सुरों से सजाया-संवारा, बल्कि देश की समृद्धि से जुड़ी हर पहल को भी सदैव प्रोत्साहित किया।” प्रधानमंत्री ने कहा कि भारतीय संगीत जगत में उनका अप्रतिम योगदान युग-युगांतर तक स्मरणीय रहेगा।
लता मंगेशकर का पहला असमिया गीत असम की संगीत स्मृति का स्थायी हिस्सा बना: हिमंत शर्मा
असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने सोमवार को महान गायिका लता मंगेशकर की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि भूपेन हजारिका की फिल्म के लिए गाया गया उनका पहला असमिया गीत राज्य की संगीत स्मृति का स्थायी हिस्सा बन गया है।
शर्मा ने सोशल मीडिया पर ‘जोनाकोरे राति, असोमिरे माटी’ गीत का ‘ंिलक’ साझा करते हुए कहा कि इस गीत ने मंगेशकर और हजारिका के बीच दशकों तक चले संगीत संबंध की नींव भी रखी।
मुख्यमंत्री ने कहा, ”जन्म जयंती पर महान गायिका लता मंगेशकर जी को याद कर रहा हूं। उनका पहला असमिया गीत ‘जोनाकोरे राति, असोमिरे माटी’, जिसे डॉ. भूपेन हजारिका ने 1956 में फिल्म ‘एरा बाटोर सूर’ के लिए संगीतबद्ध किया था, असम की संगीत स्मृति का स्थायी हिस्सा बन गया। उनका शानदार संगीत संबंध दशकों तक रहा।” उन्होंने कहा कि मंगेशकर ने एक बार उल्लेख किया था कि ‘आई’ शब्द, जिसका अर्थ मराठी और असमिया दोनों भाषाओं में मां होता है, प्रेम की एक साझा अभिव्यक्ति है, जो दोनों संस्कृतियों को खूबसूरती से जोड़ती है। शर्मा ने कहा, ”जब असम भूपेन हजारिका की जन्मशती मना रहा है, तब मैं उन दो महान संगीत हस्तियों को याद कर रहा हूं, जिनकी आवाज ने असम और महाराष्ट्र के बीच एक ऐसा सेतु बनाया, जो हमेशा कायम रहेगा।”