छोटी दिवाली 2026: इस साल कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी तिथि दो दिनों तक फैली है, इसलिए अलग-अलग पंचांगों में छोटी दिवाली और नरक चतुर्दशी की तारीख अलग बताई जा रही है। दृक पंचांग के मुताबिक उत्तर भारत में प्रदोष काल के आधार पर छोटी दिवाली और यम दीपदान 7 नवंबर, शनिवार को मनाया जाएगा। वहीं कुछ पंचांग इसे 8 नवंबर को भी बता रहे हैं।
चतुर्दशी तिथि का समय
चतुर्दशी तिथि 7 नवंबर को सुबह 10:47 बजे शुरू होगी और 8 नवंबर, रविवार को सुबह 11:27 बजे समाप्त होगी। 7 नवंबर की शाम प्रदोष काल में यह तिथि मौजूद रहेगी, इसलिए दीपदान उसी दिन होगा।
नरक चतुर्दशी पर अभ्यंग स्नान का समय
अभ्यंग स्नान 8 नवंबर को सूर्योदय से पहले किया जाएगा। इसके लिए सुबह 5:41 बजे से 6:38 बजे तक का समय बताया गया है।
यम दीपदान का शुभ मुहूर्त और विधि
7 नवंबर को सूर्यास्त शाम 5:31 बजे होगा, और इसके बाद यमराज के नाम का दीपक जलाया जा सकता है। परंपरा के अनुसार सरसों के तेल से भरा चौमुखा दीपक घर के बाहर दक्षिण दिशा में रखा जाता है।
यम दीपक जलाने का महत्व
मान्यता है कि इस दीपदान से परिवार के सदस्यों को अकाल मृत्यु के भय से मुक्ति मिलती है और घर में सुख-समृद्धि व दीर्घायु बनी रहती है। इसी कारण इसे यम दीपम भी कहा जाता है।
काली चौदस 2026 पूजा मुहूर्त
काली चौदस मुख्य रूप से गुजरात और पश्चिम भारत में मनाई जाती है। इस दिन मां काली की पूजा नकारात्मक ऊर्जा से रक्षा के लिए की जाती है। निशिता मुहूर्त 7 नवंबर की रात 11:46 बजे से 8 नवंबर को रात 12:36 बजे तक रहेगा।
छोटी दिवाली पर हनुमान पूजा का समय
कुछ मान्यताओं में इस दिन हनुमान जी की पूजा का भी विधान है। 7 नवंबर को प्रदोष काल शाम 5:37 बजे से रात 8:10 बजे तक रहेगा। इस दौरान भक्त हनुमान जी को सिंदूर, चमेली का तेल और फूल अर्पित कर सकते हैं। मान्यता है कि इससे भय और संकट दूर होते हैं तथा साहस व शक्ति मिलती है।
नोट: ये समय पंचांग और धार्मिक मान्यताओं पर आधारित हैं, स्थान के अनुसार थोड़ा अंतर हो सकता है।