नयी दिल्ली. भारत फरवरी में आयोजित होने वाले नौ दिवसीय मेगा नौसैनिक अभ्यास में अपनी बढ़ती समुद्री शक्ति का प्रदर्शन करेगा. तेजी से बिगड़ते वैश्विक भू-राजनीतिक माहौल और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में चीन की बढ़ती सैन्य ताकत के बीच इस महाअभ्यास में 50 से अधिक देशों के शामिल होने की संभावना है . अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी.
अधिकारियों ने शुक्रवार को बताया कि अगले साल 19 से 27 फरवरी तक विशाखापत्तनम में आयोजित होने वाले ‘मिलन’ अभ्यास में भाग लेने वाले देशों में अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, बांग्लादेश, दक्षिण कोरिया, वियतनाम, इंडोनेशिया और मलेशिया की नौसेनाएं शामिल होंगी.
उन्होंने कहा कि आगामी अभ्यास भारत द्वारा आयोजित किया जाने वाला अब तक का सबसे बड़ा बहुपक्षीय सैन्य युद्धाभ्यास होगा और इसमें बड़े पैमाने पर युद्धाभ्यास, उन्नत वायु रक्षा संचालन, पनडुब्बी रोधी युद्ध और सतह रोधी अभ्यास शामिल होंगे. यह पता चला है कि भाग लेने वाले सभी प्रमुख देश अरब सागर में होने वाले युद्धाभ्यास के लिए अपने मंच और र्किमयों को भेजेंगे.
मिलन एक द्विवार्षिक बहुपक्षीय नौसैनिक अभ्यास है जिसे 1995 में भारतीय नौसेना ने शुरू किया था.