कोझिकोड. भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) ने कोझिकोड के जिला कलेक्टर को एक पत्र भेजकर कथित तौर पर धमकी दी है कि यदि माओवादियों के खिलाफ सरकार और पुलिस की कार्रवाई नहीं रोकी गई तो “फर्जी कॉमरेड की हमास रैली” को बम विस्फोट से उड़ा दिया जाएगा.
जिला प्रशासन के एक अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि पत्र में माओवादियों ने कहा है कि सरकार कोझिकोड जिले की जरूरतों पर ध्यान केंद्रित करने के बजाय “विदेशी आतंकवादियों” के लिए रैलियां आयोजित कर रही है. अधिकारी ने बताया कि पत्र बुधवार शाम को कलेक्टर कार्यालय को प्राप्त हुआ और इसे पुलिस को भेज दिया गया है. इसमें दावा किया गया है कि माओवादियों को गलत तरीके से निशाना बनाया जा रहा है और उनके खिलाफ झूठे मामले दर्ज किये जा रहे हैं.
अधिकारी ने कहा कि माओवादियों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार उन्हें गलत तरीके से निशाना बनाना और उनके खिलाफ झूठे मामले दर्ज करना बंद नहीं किया, तो कोच्चि में ‘यहोवा के साक्षी’ संप्रदाय की प्रार्थनासभा में जो हुआ, उसकी उम्मीद जिले में “फर्जी कॉमरेड की हमास रैली” के दौरान की जा सकती है.
अधिकारी ने यह भी कहा कि नादक्कवु पुलिस थाने के प्रभारी को मामले के बारे में जानकारी दे दी गई है और वहां माओवादियों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा. नादक्कवु पुलिस थाने के एक अधिकारी ने कहा कि दिन के दौरान भारतीय दंड संहिता और केरल पुलिस अधिनियम के प्रावधानों के तहत एक मामला दर्ज किया जाएगा.
यह पत्र राज्य के कन्नूर और वायनाड जिलों में माओवादियों और केरल पुलिस की विशेष टीमों के बीच हालिया सशस्त्र मुठभेड़ के बीच आया है. केरल पुलिस के विशेष थंडरबोल्ट दस्ते की इस सप्ताह कन्नूर जिले में दो बार माओवादियों के साथ मुठभेड़ हुई थी. इससे पहले, पिछले हफ्ते वायनाड के एक वनक्षेत्र में थंडरबोल्ट फोर्स और माओवादियों के बीच गोलीबारी हुई थी.
वायनाड के थलप्पुझा पुलिस थाना क्षेत्र के पेरिया इलाके में मुठभेड़ के बाद दो माओवादियों – एक पुरुष और एक महिला – को गिरफ्तार किया गया था. उनकी पहचान चंद्रू और उन्नीमया के रूप में की गई. पिछले महीने, छह सशस्त्र नक्सलियों के एक समूह ने वायनाड के मक्कीमला में एक निजी रिसॉर्ट पर कब्जा कर लिया था.