जल संचय जनभागीदारी में छग का परचम, राष्ट्रीय स्तर पर दूसरा स्थान, रायपुर नगर निगम को प्रथम पुरस्कार

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Thu, 25 Sep 2025 10:56 PM
जल संचय जनभागीदारी में छग का परचम, राष्ट्रीय स्तर पर दूसरा स्थान, रायपुर नगर निगम को प्रथम पुरस्कार
ऑडियो सुनें

रायपुर. जल संरक्षण और सामुदायिक भागीदारी के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ ने एक बार फिर इतिहास रचा है. जल संचय जनभागीदारी 1.0 (JSJB) के परिणामों में प्रदेश ने राष्ट्रीय स्तर पर दूसरा स्थान हासिल किया है. यह उपलब्धि केवल एक सम्मान नहीं, बल्कि जल प्रबंधन और जनभागीदारी के संगम का जीवंत उदाहरण है. प्रदेश में अब तक 4,05,563 कार्य पूर्ण कर जल संरक्षण को एक जन-आंदोलन में बदल दिया गया है.

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस सफलता पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित जल-संपदा की नींव है. उन्होंने कहा कि जल संरक्षण के क्षेत्र में यह उस सामूहिक चेतना का प्रमाण है, जिसने छत्तीसगढ़ को देश के लिए एक प्रेरणा बना दिया है.

प्रदेश के शहरी निकायों में भी छत्तीसगढ़ ने अपनी श्रेष्ठता स्थापित की है. रायपुर नगर निगम ने पूरे देश में शीर्ष स्थान प्राप्त करते हुए राष्ट्रीय पुरस्कार जीता है. यहाँ 33,082 कार्यों के माध्यम से न केवल जल संरक्षण को बढ़ावा दिया गया, बल्कि इसे जन-सहभागिता आधारित शहरी विकास का मॉडल बना दिया गया. मुख्यमंत्री ने इस उपलब्धि को रायपुर के नागरिकों और निगम प्रशासन के सामूहिक प्रयासों का परिणाम बताया.

जिला स्तर पर भी छत्तीसगढ़ का प्रदर्शन उत्कृष्ट रहा. कैटेगरी-1 में बालोद को प्रथम स्थान, राजनांदगांव को द्वितीय स्थान और रायपुर को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ है. इन तीन जिलों को पुरस्कार स्वरूप ₹2-2 करोड़ की राशि प्राप्त होगी. वहीं केटेगरी 2 में महासमुंद, बलौदा बाजार और गरियाबंद को ₹1-1 करोड़ से सम्मानित किया जाएगा. कैटेगरी 3 में बिलासपुर, रायगढ़, बलरामपुर, धमतरी, सुरजपुर और दुर्ग को उनकी उत्कृष्ट भागीदारी के लिए ₹25-25 लाख के पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे. यह दर्शाता है कि पूरे प्रदेश में जल संरक्षण को प्राथमिकता के साथ अपनाया गया है.

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि यह सम्मान केवल प्रशासन का नहीं, बल्कि हर किसान, हर महिला, हर नौजवान और हर जनप्रतिनिधि का है, जिन्होंने पानी की हर बूंद को बचाने का संकल्प लिया. उन्होंने कहा कि जनभागीदारी से ही जनकल्याण संभव है और छत्तीसगढ़ ने इसे सिद्ध कर दिखाया है.

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह उपलब्धि राज्य की ‘जन-संवाद एवं जनभागीदारी आधारित सुशासन नीति’ का प्रत्यक्ष परिणाम है. मुख्यमंत्री ने जल संरक्षण को प्रदेश की कृषि आधारित अर्थव्यवस्था और दीर्घकालिक विकास का सबसे महत्वपूर्ण आधार बताया.

रायपुर नगर निगम को मिले राष्ट्रीय सम्मान पर मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से निगम प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और नागरिकों की सराहना की. उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्र में सामुदायिक सहयोग से जल संचय की यह मिसाल पूरे देश के लिए अनुकरणीय है और अन्य नगर निगम भी इससे सीख सकते हैं.

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों का आह्वान किया कि जल संरक्षण के इस अभियान को केवल सरकारी कार्यक्रम न मानें, बल्कि इसे जीवनशैली का हिस्सा बनाएं. उन्होंने कहा कि बूंद-बूंद का संरक्षण ही भविष्य की जल-सुरक्षा की गारंटी है.

छत्तीसगढ़ की यह उपलब्धि एक बार फिर साबित करती है कि जब सरकार और जनता मिलकर कार्य करें तो असंभव भी संभव हो जाता है. JSJB 1.0 की सफलता ने न केवल प्रदेश को सम्मान दिलाया है, बल्कि इसे जल प्रबंधन का राष्ट्रीय मॉडल भी बना दिया है.

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu