
नयी दिल्ली. ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद, आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक स्तर पर भारत का पक्ष रखने वाले प्रतिनिधिमंडलों में से एक में शामिल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद ने बृहस्पतिवार को कहा कि ‘देशभक्त’ संबंधी उनकी हालिया टिप्पणी पार्टी के लिए नहीं, बल्कि उन लोगों के लिए थी जो खुद को देशभक्त नहीं मानते हैं. उन्होंने यह भी कहा कि राहुल गांधी उनके नेता हैं और वह सरकार के बारे में जो भी कह रहे हैं, उससे वह सहमत हैं.
खुर्शीद ने बीते सोमवार को कहा था कि यह दुखद है कि देश में लोग राजनीतिक निष्ठाओं का आकलन कर रहे हैं. उन्होंने सवाल किया था कि क्या देशभक्त होना इतना मुश्किल है? पूर्व विदेश मंत्री खुर्शीद जनता दल यूनाइटेड (जदयू) नेता संजय झा की अध्यक्षता वाले प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थे. यह प्रतिनिधिमंडल जापान, दक्षिण कोरिया, सिंगापुर, इंडोनिशया और मलेशिया की यात्रा पर गया था.
उन्होंने बृहस्पतिवार को ‘पीटीआई-वीडियो से बातचीत में कहा, ”मैं अपनी पार्टी के बारे में ट्वीट (एक्स पर पोस्ट) क्यों करूंगा. मेरा ट्वीट उन लोगों के लिए था जो खुद को देशभक्त नहीं मानते हैं.” उन्होंने कहा कि उनके रुख से पार्टी अवगत है और वह विदेश से ही कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे एवं पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी को इस बारे में विस्तृत नोट भेजते थे कि क्या कहा गया है और क्या प्रतिक्रिया मिली है.
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर निशाना साधे जाने को लेकर खुर्शीद ने कहा कि वह नेता प्रतिपक्ष हैं और उन्हें सरकार से सवाल करने का अधिकार है. उन्होंने कहा, ”राहुल जी मेरे नेता हैं. उन्होंने जो कहा है उससे मैं सहमत हूं. राहुल जी को पूछने का हक है. वह (लोकसभा में) नेता प्रतिपक्ष हैं और लोकतंत्र में नेता प्रतिपक्ष को सवाल पूछने पड़ते हैं.” पूर्व केंद्रीय मंत्री के अनुसार, वह देश के लिए इस प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा बने थे और यहां पर पार्टी का देश के अंदर जो भी रुख है, उसका वह पूरा समर्थन करते हैं. खुर्शीद ने प्रतिनिधिमंडल के दौरे का उल्लेख करते हुए कहा, ”लगभग हमारा लक्ष्य पूरा हुआ, हम सफल रहे. आने वाले समय में आप देखेंगे कि इसका किस हद तक असर होगा.” उन्होंने बताया कि वह कांग्रेस अध्यक्ष खरगे से मुलाकात करेंगे.



