नयी दिल्ली. दिल्ली के अगले मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिपरिषद के रामलीला मैदान में 20 फरवरी को शपथ लेने की संभावना है. सूत्रों ने सोमवार को यह जानकारी दी. सूत्रों ने कहा कि शपथ ग्रहण समारोह 20 फरवरी को शाम साढ़े चार बजे होने की संभावना है. शपथ ग्रहण समारोह से पहले दिल्ली में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) शासित राज्यों के मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्रियों की एक बैठक भी होगी.
सूत्रों ने बताया कि बैठक के बाद सभी मुख्यमंत्री व उपमुख्यमंत्री दिल्ली के मुख्यमंत्री पद के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे.
शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित भाजपा के शीर्ष नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है. सूत्रों ने बताया कि अब भाजपा विधायक दल की बैठक बुधवार को होगी. विधायक दल की बैठक में नेता का चयन किया जाएगा जो दिल्ली का अगला मुख्यमंत्री होगा.
उन्होंने बताया कि इस बैठक में शपथ ग्रहण समारोह के ब्योरे पर भी चर्चा की जाएगी. भाजपा पांच फरवरी को हुए विधानसभा चुनावों में जीत हासिल करके 27 साल बाद दिल्ली की सत्ता में आई है. भाजपा ने शानदार जीत के साथ दिल्ली में आम आदमी पार्टी (आप) के 10 साल के शासन को खत्म कर दिया. भाजपा ने दिल्ली की 70 विधानसभा सीट में से 48 पर जीत हासिल की.
मुख्यमंत्री पद के लिए कई नवनिर्वाचित विधायकों के नाम चर्चा में हैं. शीर्ष पद के लिए सबसे आगे माने जाने वालों में प्रवेश वर्मा, भाजपा की दिल्ली इकाई के पूर्व अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता और सतीश उपाध्याय शामिल हैं. वर्मा ने विधानसभा चुनाव में दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को पराजित किया था. वह जाट बिरादरी से आते हैं. ऐसे में उन्हें मुख्यमंत्री पद के प्रमुख दावेदारों में माना जा रहा है.
पवन शर्मा, आशीष सूद, रेखा गुप्ता और शिखा राय सहित अन्य को भी मुख्यमंत्री पद के दावेदार के रूप में देखा जा रहा है. पार्टी में कई नेताओं का मानना है कि राजस्थान, हरियाणा, मध्यप्रदेश, ओडिशा और छत्तीसगढ़ की तरह भाजपा नेतृत्व नवनिर्वाचित विधायकों में से किसी एक पर दांव लगा सकता है.