प्रधानमंत्री अपने ‘मित्रों’ को ‘दौलतवीर’ और युवाओं को ‘अग्निवीर’ बना रहे हैं: राहुल

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Mon, 27 Jun 2022 06:29 PM
प्रधानमंत्री अपने ‘मित्रों’ को ‘दौलतवीर’ और युवाओं को ‘अग्निवीर’ बना रहे हैं: राहुल

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नयी दिल्ली/बर्दवान. कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने सेना में भर्ती की नयी ‘अग्निपथ’ योजना को लेकर सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि वह अपने ‘मित्रों’ को ‘दौलतवीर’ बना रहे हैं, जबकि युवाओं को चार साल के ठेके पर ‘अग्निवीर’ बना रहे हैं.

उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘प्रधानमंत्री अपने ‘मित्रों’ को 50 साल के लिए देश के एयरपोर्ट देकर ‘दौलतवीर’ और युवाओं को सिफर्Þ 4 साल के ठेके पर ‘अग्निवीर’ बना रहे हैं. आज देश भर में कांग्रेस पार्टी ‘अग्निपथ’ के ख़लिाफÞ सत्याग्रह कर रही है. जब तक युवाओं को न्याय नहीं मिलता, ये सत्याग्रह नहीं रुकेगा.’’ गौरतलब है कि 14 जून को अग्निपथ योजना की घोषणा के बाद देश के विभिन्न हिस्सों में विरोध प्रदर्शन हुए थे. इस योजना के तहत साढ़े 17 से 21 वर्ष के युवाओं को चार वर्ष के अनुबंध के आधार पर सेना में भर्ती किए जाने का प्रावधान है. चार वर्ष की सेवा पूरी करने के बाद उनमें से 25 प्रतिशत को नियमित सेवा के लिए चुना जाएगा. वर्ष 2022 के लिए आवेदकों की ऊपरी आयु सीमा बढ़ाकर 23 वर्ष कर दी गई है.

केंद्र को ‘अग्निवीरों’ के सेवानिवृत्त होने की आयु सीमा बढ़ाकर 65 वर्ष करनी चाहिए : ममता

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को यह दलील देते हुए केंद्र से ‘अग्निपथ योजना’ के तहत भर्ती होने वाले सैनिकों की सेवानिवृत्ति की आयु सीमा बढ़ाकर 65 साल करने की अपील की कि उनकी नजरें चार साल का कार्यकाल पूरा होने के बाद अपने अनिश्चित भविष्य पर रहेंगी. बनर्जी ने यह भी कहा कि भाजपा नीत केंद्र सरकार ने 2024 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर सेना में अल्पकालिक भर्ती की यह नयी योजना शुरू की है.

उन्होंने यहां एक कार्यक्रम में कहा, ‘‘ मेरा उद्देश्य भाजपा के विपरीत अधिक से अधिक नौकरियां सृजित करना है. वे लोगों को चार महीने का प्रशिक्षण दे रहे हैं और उन्हें चार साल के लिए भर्ती कर रहे हैं. ये सैनिक चार साल के बाद क्या करेंगे? उनका भविष्य क्या होगा? यह अनिश्चित है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘ हम मांग करते हैं कि (अग्निपथ योजना के तहत) सेवानिवृति की आयु सीमा बढ़ाकर 65 साल की जाए. ’’

इस योजना के तहत साढ़े 17 साल से 21 साल की उम्र के युवाओं को केवल चार साल के लिए सशस्त्र बलों में भर्ती किया जाएगा. कुल भर्ती युवाओं में से महज 25 फीसदी को 15 साल से अधिक समय तक नियमित रूप से सशस्त्र बलों में रखा जाएगा. 2022 के लिए भर्ती की ऊपरी उम्र सीमा बढ़ाकर 23 साल की गयी है. बनर्जी ने पहले दावा किया था कि भाजपा अपना ‘सशस्त्र काडर आधार’ बनाने के लिए इस योजना का इस्तेमाल कर रही है.

By Yogesh Kumar Sahu