नयी दिल्ली. केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने राजस्थान के उदयपुर में दो व्यक्तियों द्वारा एक दर्जी की नृशंस हत्या करने की घटना की ंिनदा करते हुए बुधवार को कहा कि राज्य सरकार इस पर ‘मूकदर्शक’ बनी रही और कांग्रेस की आंतरिक प्रतिद्वन्द्विता के कारण कानून एवं व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हुई है.
सूचना एवं प्रसारण मंत्री ठाकुर ने उदयपुर के धानमंडी थानाक्षेत्र में सोमवार को दो व्यक्तियों द्वारा कन्हैयालाल नामक एक दर्जी की हत्या किये जाने के बारे में सवालों के जवाब में यह बात कही . केंद्रीय मंत्री राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की उस टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त कर रहे थे जिसमें उन्होंने कहा था कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को देश में बढ़ते साम्प्रदायिक तनाव पर राष्ट्र को संबोधित करना चाहिए. ठाकुर ने कहा कि कानून एवं व्यवस्था राज्य का मुद्दा होता है . उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री हमेशा अपनी जिम्मेदारियों से पल्ला झाड़ लेते हैं .
सूचना एवं प्रसारण मंत्री ने कहा, ‘‘ यह कोई पहला उदाहरण नहीं है. ऐसी कई घटनाएं घटी हैं लेकिन इस बार सभी सीमाएं पार हो गई. यह अत्यंत ंिनदनीय है. ’’ गौरतलब है कि राजस्थान के उदयपुर में धान मंडी में दो व्यक्तियों द्वारा कन्हैयालाल नामक एक दर्जी की हत्या कर दी गई . दोनों व्यक्तियों की पहचान रियाज अख्तरी और गौस मोहम्मद के रूप में हुई है और उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो डालकर कहा कि उन्होंने ‘इस्लाम के अपमान’ का बदला लेने के लिए ऐसा किया. पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया है.
ठाकुर ने कहा कि उदयपुर में जो कुछ भी हुआ, वह राजस्थान में प्रशासन पर सवालिया निशान खड़ा करता है क्योंकि यह शांतिपूर्ण प्रदेश है और यहां दुनियाभर से पर्यटक आते हैं .
उन्होंने कहा, ‘‘ यह एक बड़ा उदाहरण है कि किस प्रकार से राजस्थान में अशोक गहलोत सरकार के तहत कानून एवं व्यवस्था की स्थिति ध्वस्त हुई है. सात दिन पहले एक वीडियो जारी हुआ और इसके बाद कोई एहतियाती कदम नहीं उठाया गया तथा सरकार मूकदर्शक बनी रही . इससे स्पष्ट होता है कि किस प्रकार से वोट बैंक की राजनीतिक के कारण कानून एवं व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हुई और आतंक को को जड़ें जमाने दी गयीं . ’’ मंत्री ने दावा किया कि पूरे राज्य में भय का माहौल बनाया जा रहा है और कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व एवं गहलोत सरकार ‘मूकदर्शक’ बनी हुई है.
उन्होंने कहा, ‘‘ मैं कहना चाहता हूं कि कांग्रेस की अंदरूनी लड़ाई से कानून एवं व्यवस्था प्रभावित हुई है और सरकार के नाम पर वहां कुछ भी नहीं है . ’’ उन्होंने कहा कि अब एनआईए की जांच शुरू हुई है और उन्हें पूरा विश्वास है कि तेजी से कार्रवाई की जायेगी .