सरगुजा कलेक्टर अजीत वसंत ने बड़ी कार्यवाही करते हुए जमीन माफिया से कई एकड़ सरकारी जमीन मुक्त करा ली है तथा 30 अवैध कब्जे ध्वस्त किए हैं। प्रशासन की ओर से 00 कब्जाधारियों को नोटिस जारी किया गया है।
आरोप है कि भूमाफियाओं ने सरकारी अमले की कथित मिलीभगत से बांकी डैम की नहर और आसपास की बेशकीमती शासकीय जमीन पर कब्जा कर प्लॉटिंग की और जमीनें बेच दीं। पिछले करीब 10 वर्षों में यहां एक से लेकर सात मंजिल तक की इमारतें खड़ी हो गईं। अब कलेक्टर अजीत वसंत के निर्देश पर प्रशासन ने सरकारी जमीन को कब्जामुक्त कराने के लिए बड़ी कार्रवाई शुरू की है। फिलहाल ,बुलडोजर चलाकर अवैध निर्माण हटाए जा रहे हैं। अब तक 30 बड़े कब्जे हटाए जा चुके हैं, जबकि 200 कब्जाधारियों को नोटिस जारी किए गए हैं।
कलेक्टर अजीत वसंत के निर्देश पर राजस्व विभाग ने जमीन का सीमांकन कराया। इसके बाद सरकारी भूमि पर बने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की गई। सरकारी जमीन पर अवैध प्लॉटिंग कर भूखंड बेचने और पक्के निर्माण कराने के आरोप भी सामने आए हैं। अंबिकापुर शहर की पेयजल जरूरतों को पूरा करने वाले बांकी डैम की करीब 11 किलोमीटर लंबी नहर ग्राम सोहगा तक जाती है।
आरोप है कि वर्ष 2016 से भूमाफियाओं और प्रभावशाली लोगों ने इस नहर की जमीन पर धीरे-धीरे कब्जा करना शुरू किया। नहर की मुख्य जमीन करीब 120 फीट यानी 36 मीटर चौड़ी और 60 फीट गहरी बताई गई है। इसमें करीब 18 मीटर तक जमीन पर कब्जा कर लिया गया। इतना ही नहीं, 16 मीटर चौड़ी सब-माइनर नहर को अतिक्रमण के कारण महज चार मीटर की नाली में तब्दील कर दिया गया। 13 अक्टूबर से करीब आधा दर्जन जेसीबी मशीनों और 40 कर्मचारियों की टीम को कार्रवाई में लगाया गया है। मंगलवार और बुधवार को प्रशासन ने करीब एक किलोमीटर के दायरे में बने 23 मकानों का कब्जा हटाया। इसके बाद गुरुवार को प्रभावशाली लोगों से जुड़ी बताई जा रही सात पांच मंजिला इमारतों पर भी बुलडोजर चलाया गया। इस तरह अब तक कुल 30 बड़े अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासकीय जमीन को पूरी तरह कब्जामुक्त कराने तक कार्रवाई जारी रहेगी।