बूंदी/दौसा. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने रविवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर निशाना साधते हुए उन पर उद्योगपति गौतम अडाणी के लिए काम करने का आरोप लगाया. गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री को ‘भारत माता की जय’ के बजाय ‘अडाणी जी की जय’ बोलनी चाहिए. उन्होंने जाति आधारित गणना को लेकर भी प्रधानमंत्री पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि कुछ भी हो जाए प्रधानमंत्री मोदी जाति आधारित गणना नहीं करा सकते और यह काम कांग्रेस ही करा सकती है.
गांधी ने कहा, ”इस देश के लिए सबसे जरूरी काम जाति आधारित गणना है. जिस दिन जाति आधारित गणना हो जाएगी, उस दिन दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा.” कांग्रेस नेता ने रविवार को राजस्थान के बूंदी और दौसा में चुनावी जनसभाएं की और सत्तारूढ़ कांग्रेस के उम्मीदवारों को जिताने की अपील की. उन्होंने कहा कि यदि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) राज्य की सत्ता में आई तो वह कांग्रेस की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं को बंद कर देगी. राज्य में विधानसभा चुनाव के लिए 25 नवंबर को मतदान होना है.
राहुल गांधी ने बूंदी में कहा, ”नरेन्द्र मोदी जी ‘भारत माता की जय’ कहते हैं, उन्हें ‘अडाणी जी की जय’ कहना चाहिए. काम तो उनका करते हैं.” जाति आधारित गणना को लेकर कांग्रेस नेता ने कहा, ”बिल्कुल स्पष्ट बात है कि प्रधानमंत्री मोदी जाति आधारित गणना नहीं करा सकते चाहे कुछ भी हो जाए क्योंकि मोदी तो अडाणी के लिए काम करते हैं. जाति आधारित गणना कांग्रेस पार्टी ही कर सकती है.”
उल्लेखनीय है कि कांग्रेस अडाणी समूह पर भाजपा सरकार से फायदा उठाने का आरोप लगाते हुए निशाना साध रही है और अमेरिकी शोध समूह ‘हिंडनबर्ग’ द्वारा लगाए गए आरोपों की संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) से जांच की मांग कर रही है. वहीं अडाणी के नेतृत्व वाले कारोबारी समूह ने अपनी ओर से किसी भी गलत काम से इनकार किया है.
गांधी ने कहा कि मोदी 90 आईएएस अधिकारियों के साथ देश चला रहे हैं लेकिन उनमें ओबीसी का प्रतिनिधित्व सिर्फ तीन है.
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने कहा कि जिस दिन जाति आधारित गणना हो गई और इस देश के पिछड़ों को यह बात समझ आ गई कि हम 50 प्रतिशत हैं और हमें पांच प्रतिशत की भागीदारी मिल रही है, उस दिन यह देश बदल जायेगा.
उन्होंने साथ ही कहा कि जिस दिन आदिवासियों और दलितों को भी यह बात समझ में आ गई कि हमारी आबादी क्रमश? 12 और 15 प्रतिशत है, लेकिन हमारी भागीदारी एक और तीन व्यक्ति तक ही सीमित है उस दिन से देश में परिवर्तन दिखने लगेगा. गांधी ने आरोप लगाया कि आज दो हिंदुस्तान बन गए हैं जिसमें एक तो अरबपतियों का हिंदुस्तान जहां 14 लाख करोड़ रुपए माफ हो गए और वहीं दूसरा जहां भाजपा शासित किसी भी राज्य में किसान कर्ज माफ करने की बात करते हैं तो उन्हें लाठी खानी पड़ती है.
वहीं दौसा में जनसभा में भी गांधी ने यही मुद्दा उठाया. उन्होंने कहा, ”प्रधानमंत्री मोदी यह पता नहीं लगाना चाहते कि इस देश में पिछड़ों की संख्या कितनी है. मैंने संसद में जाति आधारित गणना का सवाल उठाया कि हम सचमुच में ‘भारत माता की जय’ करना चाहते हैं तो हमें सबसे पहले पता लगाना पड़ेगा कि इस देश में किसकी कितनी आबादी है.” उन्होंने कहा, ”लेकिन उस दिन के बाद से नरेन्द्र मोदी जी ने भाषण बदल दिया. पहले प्रधानमंत्री मोदी अपने हर भाषण में कहते थे कि मैं ओबीसी हूं … लेकिन उसके बाद वह कहते हैं कि हिंदुस्तान में कोई जात नहीं है, सिर्फ गरीब हैं.”
कांग्रेस नेता ने कहा कि ”नरेन्द्र मोदी की नीति में एक रुपया पिछड़ों को नहीं जाता, एक रुपया दलितों को नहीं जाता, एक रुपया आदिवासियों को नहीं जाता. हमारी नीति चाहे मनरेगा, चाहे किसान कर्ज माफी हो और चाहे भोजन का अधिकार हो… हमारा कम से कम 50 प्रतिशत पैसा अति पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) को जाता है.”
राजस्थान सरकार की सात गारंटियों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, ”कांग्रेस ने आपको सात गारंटी दी है… हम दो हिंदुस्तान नहीं चाहते.” गांधी ने अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि राजस्थान सरकार ने राज्य में अंग्रेजी माध्यम के स्कूल खोले हैं ताकि गरीबों, किसानों, मजदूरों के बच्चे उनमें पढ़ें. उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नहीं चाहती कि गरीबों के बच्चों को अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा मिले. उन्होंने कहा, ”आप अमित शाह (केंद्रीय गृह मंत्री) से पूछें कि उनके बेटे ने किस माध्यम से पढ़ाई की है.” उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में भाजपा के एक नेता ने एक आदिवासी पर पेशाब किया जो भाजपा के लोगों की मानसिकता को दर्शाता है.
धौलपुर की बाड़ी सीट से मौजूदा कांग्रेस विधायक गिर्राज मलिंगा के प्रकरण का जिक्र करते उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस ने एक दलित को पीटने वाले राजस्थान के अपने इस विधायक को चुनाव में टिकट नहीं दिया लेकिन भाजपा ने उन्हें तुरंत अपनी पार्टी में लेकर टिकट दिया, जो भाजपा की सोच को दिखाता है. कांग्रेस नेता ने लोगों से पार्टी के प्रत्याशियों को जिताने की अपील की. उन्होंने कहा कि अगर भाजपा सरकार आई तो वह उन्हें मिल रहे मौजूदा सारे लाभ छीन लेगी.
उन्होंने कहा, ”राजस्थान में गरीबों, किसानों, मजदूरों, छोटे व्यापारियों की सरकार बनाइए. अरबपतियों की सरकार मत बनाइए. मैं आपको गारंटी दे रहा हूं जाति आधारित गणना जिससे पिछड़ों, दलितों और आदिवासियों को भागीदारी मिलेगी … राजस्थान में सरकार आते ही पहला काम यह शुरू होगा.” गांधी ने कहा, ”जैसे ही केंद्र में हमारी सरकार आएगी, उस दिन मैं आपको गारंटी देकर कह रहा हूं जाति आधारित गणना उस दिन शुरू हो जाएगी. आपको पता लग जायेगा कि आपकी कितनी आबादी है और आपका हक कितना बनता है.”
जयपुर में कांग्रेस का ‘वार रूम’ देखने पहुंचे राहुल गांधी
कांग्रेस नेता राहुल गांधी विधानसभा चुनाव की तैयारियों का जायज.ा के लिए रविवार को यहां प्रदेश कांग्रेस के ‘वार रूम’ पहुंचे.
इस मौके पर राजस्थान कांग्रेस प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा भी मौजूद रहे. सह प्रभारी अमृता धवन ने बताया कि गांधी ने ‘वार रूम’ में मौजूद टीम का हौसला बढ़ाया.
उन्होंने कहा, “राहुल गांधी ने ‘वार रूम’ का दौरा किया और टीम का उत्साहवर्धन किया.” वे करीब आधे घंटे तक ‘वार रूम’ में रुके.
पार्टी ने राज्य में चुनावी गतिविधियों के संचालन के लिए यहां अस्पताल रोड पर ‘वार रूम’ बनाया है. राज्य में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान 25 नवंबर को होना है.
देश को बदलने का समय आ गया है: राहुल गांधी
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने रविवार को कहा कि देश को बदलने का समय आ गया है. वे बूंदी में एक चुनावी जनसभा को संबोधित कर रहे थे. राहुल ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को ‘भारत माता की जय’ के बजाय ‘अडाणी जी की जय’ कहना चाहिए. उन्होंने कहा,”प्रधानमंत्री मोदी ‘भारत माता की जय’ कहते हैं, उनको ‘अडाणी जी की जय’ कहना चाहिए … काम तो उनका करते हैं.” जाति आधारित जनगणना की वकालत करते हुए राहुल ने कहा कि नरेन्द्र मोदी जाति आधारित जनगणना नहीं करवा सकते चाहे कुछ भी हो जाए, क्योंकि मोदी तो अडाणी के लिए काम करते हैं.
उन्होंने कहा,”यह काम राहुल गांधी, कांग्रेस पार्टी कर सकती है. जिस दिन जाति आधारित जनगणना हो गई और पिछड़ों, आदिवासियों और दलितों को बात समझ में आ गयी, उस दिन ये देश बदल जायेगा. अब देश को बदलने का समय आ गया है.” उन्होंने कहा कि गरीब, किसान, मजदूर ही ‘भारत माता’ हैं और भारत माता की ‘जय’ तब होगी जब देश में इन वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित होगी.