बाराबंकी. बाराबंकी जिले के लोनी कटरा थाना की पुलिस ने कथित तौर पर अनुसूचित जाति (दलित) के लोगों का धर्म परिवर्तन कराने के आरोप में ईसाई समुदाय से ताल्लुक रखने वाले एक व्यक्ति को सोमवार को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने यह जानकारी दी. अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) अखिलेश नारायण सिंह ने बताया कि लखनऊ निवासी बजरंग रावत लोनी कटरा क्षेत्र के ग्राम मंगलपुर स्थित रेलवे क्रॉसिंग के निकट झोपड़ी बनाकर रहता है.
सिंह ने कहा कि वह ऐसा दिखाता था जैसे कि जीवन यापन के लिए वह वहां पर रह रहा है, लेकिन इसकी आड़ में क्षेत्र के बहुसंख्यक वर्ग के लोगों को इस तरह से प्रभावित करता था कि वे एक अल्पसंख्यक वर्ग के प्रति आर्किषत हों और अपने धर्म को परिर्वितत कर लें.
दलितों के धर्मांतरण के आरोप की सूचना पर लोनी कटरा थाने की पुलिस ने बजरंग रावत को गिरफ्तार करके उसके खिलाफ सुसंगत धाराओं में मामला दर्ज किया है. इसके साथ ही पुलिस ने उसके आवास से कुछ पुस्तकें बरामद की हैं.
उन्होंने बताया कि पुलिस इस बात का भी पता लगा रही है कि धर्म परिवर्तन कराने में इसके साथ और कौन-कौन शामिल है. उन सभी के खिलाफ भी सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी. पुलिस के अनुसार रावत पर आरोप है कि वह लखनऊ से आकर बाराबंकी में एक साल से रह रहा था. आरोपी ने रेलवे की जमीन पर अवैध झोपड़ी बना रखी थी. पुलिस ने बताया कि पिछले एक साल से उसका परिवार गरीब तथा अशिक्षित लोगों का इलाज करता था और फिर उन्हें गुमराह कर उनका ईसाई धर्म में धर्मांतरण कराता था.
पुलिस ने बताया कि इस मामले की जानकारी मिलने पर जिले के हैदरगढ. कस्बे के निवासी और एक हिंदू संगठन के कार्यकर्ता विजय हिंदुस्तानी अपने साथियों के साथ मौके पर पहुंचे. उन्हें यहां पर क्षेत्र की काफी महिलाएं बैठी मिलीं. जब इन हिंदू महिलाओं से उन्होंने बात की तो उन्होंने कहा, ”हमें यहां आकर काफी फायदा हुआ है. जो दवाओं से फायदा नहीं हुआ वह यहां आकर हुआ. हमें पूजा पाठ करके कौन सा फायदा हुआ है. अब हम ना ही मंदिर जाएंगे और ना ही पूजा-पाठ करेंगे.” हिंदुस्तानी के अनुसार वहां पर मौजूद महिलाओं से पूछे जाने पर पता चला कि आरोपी व्यक्ति इलाज के बहाने उन्हें जालंधर ले जाता है और वहां ईसाई धर्म में धर्मांतरण करवाता है.
इस संबंध में हिंदुस्तानी और उनके साथियों ने 230 दलित परिवारों को ईसाई धर्म में परिर्वितत करने के लिए प्रभावित करने का आरोप रावत पर लगाया है. विजय हिंदुस्तानी और अन्य कार्यकर्ताओं ने जब आरोपी व्यक्ति के छप्परनुमा बने घर की तलाशी ली तो उन्हें वहां से बाइबल व ईसाई धर्म से संबंधित अन्य पुस्तकें मिली. हिंदू कार्यकर्ताओं ने इसकी सूचना पुलिस को दी. उन्होंने थाने पहुंचकर पुलिस को तहरीर देते हुए आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की. इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया.