भाजपा नेता ने तमिलनाडु में महाराष्ट्र की तरह जल्द सत्ता-परिवर्तन का दावा किया, द्रमुक ने किया खारिज

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Wed, 06 Jul 2022 06:51 PM
भाजपा नेता ने तमिलनाडु में महाराष्ट्र की तरह जल्द सत्ता-परिवर्तन का दावा किया, द्रमुक ने किया खारिज

ऑडियो सुनें

चेन्नई. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने तमिलनाडु में जल्द ही महाराष्ट्र की तरह सत्ता परिवर्तन होने का दावा किया है. हालांकि, सत्तारूढ़ पार्टी द्रमुक ने उनके दावे को खारिज किया है. द्रमुक के वरिष्ठ नेता आर. एस. भारती ने अन्नामलाई की टिप्पणियों को ‘‘बेकार’’ करार देते हुए कहा कि ‘‘पार्टी उन्हें गंभीरता से नहीं ले रही है.’’

अन्नामलाई ने महाराष्ट्र और तमिलनाडु की राजनीतिक परिस्थितियों की तुलना करते हुए कहा कि दिवंगत शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे के सबसे बड़े बेटे ंिबदुमाधव और तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि के बेटे एम. के. मुत्थु की फिल्मी पारी एक जैसी रही है, ‘‘दोनों फिल्मों में काम करना चाहते थे, लेकिन उनकी फिल्मों ने कुछ खास प्रदर्शन नहीं किया.’’ उन्होंने कहा कि इसी तरह ठाकरे के दूसरे बेटे जयदेव और करुणानिधि के दूसरे बेटे एम. के. अलागिरि दोनों ही परिवार से दूर हैं.

अन्नामलाई ने मंगलवार को शहर में भाजपा की एक प्रदर्शन रैली को संबोधित करते हुए कहा कि बाल ठाकरे के तीसरे बेटे उद्धव ठाकरे को महाराष्ट्र का मुख्यमंत्री बनने का मौका मिला और इसी तरह एम. के. स्टालिन तमिलनाडु के मुख्यमंत्री बने. उन्होंने कहा कि उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य की राजनीति में दिलचस्पी है और स्टालिन के बेटे उदयनिधि की भी.

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा, ‘‘दोनों अपनी-अपनी पार्टी की युवा शाखा के नेता हैं. तमिलनाडु में मंत्रिमंडल में फेरबदल होने वाला है. यहां भी एक एकनाथ ंिशदे सामने आएगा.’’ गौरतलब है कि एकनाथ ंिशदे के पिछले महीने बागी रुख अख्तियार करने के बाद महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे नीत महा विकास आघाड़ी (एमवीए) सरकार गिर गई थी. इसके बाद ंिशदे ने 30 जून को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ ग्रहण की थी. अन्नामलाई ने कहा कि ढाई साल पहले तीन दलों ने महाराष्ट्र में गठबंधन बनाने के लिए हाथ मिलाया था, जैसे द्रमुक ने यहां कांग्रेस और वाम दलों के साथ गठबंधन किया था.

उन्होंने कहा, ‘‘ महाराष्ट्र में शिवसेना, राकांपा (राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी) तथा कांग्रेस साथ आए और भाजपा जिसके 105 विधायक थे उसे दरकिनार कर दिया गया. 57 विधायकों वाली शिवसेना ने सरकार बनाई.’’ अन्नामलाई ने कहा, ‘‘महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने कई भाजपा समर्थकों को प्रताड़ित किया. फिर एकनाथ ंिशदे आए. वह सूरत गए. यही राजधर्म है. जब ऐसा होना होगा, तब होगा. यह महाराष्ट्र में हुआ और आप इसे तमिलनाडु में भी होते देखेंगे.’’ हालांकि, द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) ने भाजपा नेता के बयान को खारिज करते हुए कहा कि पार्टी में विद्रोह की कोई आशंका नहीं है.

द्रमुक नेता भारती ने बुधवार को ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘वह (अन्नामलाई) काफी दिनों से बेमतलब की बातें कर रहे हैं. जहां तक मेरी बात है, मैं उन्हें बिलकुल गंभीरता से नहीं ले रहा हूं.’’ पार्टी के एक अन्य नेता एवं मौजूदा विधायक ने अन्नामलाई के बयान पर कहा, ‘‘ऐसा होने की कोई गुंजाइश नहीं है.’’ भाषा निहारिका नेत्रपाल

By Yogesh Kumar Sahu