गुवाहाटी. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को कहा कि केंद्र और असम सरकार राज्य में आई बाढ़ के दौरान लोगों की समस्याओं को कम करने के लिए मिलकर काम कर रही हैं. असमी अखबार ‘अग्रदूत’ के स्वर्ण जयंती समारोह को डिजिटल माध्यम से संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य और इसके निवासी इस साल विनाशकारी बाढ़ का सामना कर रहे हैं लेकिन मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा और उनकी (मुख्यमंत्री की) टीम प्रभावित लोगों को राहत सहायता पहुंचाने के लिए कड़ी मेहनत कर रही है.
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘मैं मुख्यमंत्री और अन्य के साथ नियमित रूप से बातचीत कर रहा हूं. मैं असम के लोगों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि केंद्र और राज्य सरकार लोगों की समस्याएं कम करने के लिए साथ मिलकर काम कर रही हैं. ’’ उन्होंने कहा कि भारत पिछली तीन औद्योगिक क्रांतियों के दौरान पिछड़ गया था क्योंकि ज्यादातर लोगों की इसके लिए प्रचुर ज्ञान तक पहुंच नहीं थी. उन्होंने कहा कि डिजिटल ज्ञान से लैस देश 21वीं सदी में चौथी औद्योगिक क्रांति का नेतृत्व करेगा.
मोदी ने कहा, ‘‘देश की आजादी से पहले, हमारी भाषाओं के दायरे का विस्तार नहीं हुआ था. वे सिकुड़ गईं थी क्योंकि ज्यादातर लोगों के पास ज्ञान तक पहुंच नहीं थी. नवोन्मेष और आविष्कार का दायरा सीमित था. लेकिन भारत डिजिटल ज्ञान की बदौलत 21वीं सदी में चौथी औद्योगिक क्रांति का नेतृत्व करेगा. ’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमारा जोर अपनी भाषाओं में ज्ञान उपलब्ध कराने पर है. इसलिए, हम राष्ट्रीय भाषा अनुवाद मिशन पर काम कर रहे हैं. राष्ट्रीय शिक्षा नीति में भी मातृ भाषाओं को बढ़ावा दिया है.’’
प्रधानमंत्री ने कहा कि सभी भारतीयों को इंटरनेट से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है. उन्होंने कहा, ‘‘हर किसी को इंटरनेट से जोड़ना जरूरी है. यह ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की हमारी पहल को सफल बनाने में मदद करेगा.’’