कोलकाता. एक गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) का छह सदस्यीय तथ्यान्वेषी दल रविवार को पश्चिम बंगाल के संदेशखाली के कुछ गांवों के दौरे पर निकला. संदेशखाली में कई महिलाओं ने निलंबित तृणमूल कांग्रेस नेता शाहजहां शेख और उनके सहयोगियों पर यौन उत्पीड़न एवं जमीन हड़पने का आरोप लगाया है. शेख और उसके कई साथियों को गिरफ्तार कर लिया गया है. इस दल का नेतृत्व कर रहे पटना उच्च न्यायालय के पूर्व मुख्य न्यायाधीश एल नरसिम्हा रेड्डी ने कहा कि वे उत्तर 24 परगना जिले के संदेशखाली में तीन गांवों का दौरा करेंगे.
उन्होंने कहा, ”कलकत्ता उच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार, हम माझेरपारा, नतुनपारा और नस्करपारा रास मंदिर का दौरा करेंगे.” उच्च न्यायालय ने तथ्यान्वेषी दल के सदस्यों के रूप में छह व्यक्तियों को रविवार को संदेशखाली का दौरा करने की अनुमति दी थी.
एनजीओ ने यह दावा करते हुए अदालत का रुख किया था कि पुलिस ने उन्हें 25 फरवरी को संदेशखाली जाने से रोक दिया था. उसने अदालत से उन्हें क्षेत्र का दौरा करने और कथित अत्याचार के पीड़ितों से बात करने की अनुमति देने का निर्देश दिए जाने का अनुरोध किया था.