तेल अवीव. इजरायली सेना ने गाजा के दूसरे सबसे बड़े शहर खान यूनिस और आसपास के कस्बों के निवासियों को क्षेत्र खाली करने का सोमवार को आदेश जारी किया. सैन्य प्रवक्ता अविचाय अद्राई ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर आदेश पोस्ट करते हुए कहा कि पूरा क्षेत्र ”एक खतरनाक युद्ध क्षेत्र माना जाएगा.” क्षेत्र खाली करने का यह आदेश ऐसे समय में आया है जब इजराइल ने गाजा में युद्ध तेज कर दिया है.
इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने माना कि सहयोगियों के दबाव में बहाल की गाजा सहायता
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सोमवार को स्वीकार किया कि उन्होंने गाजा को सहायता बहाल करने का निर्णय सहयोगियों के दबाव के कारण लिया है. नेतन्याहू ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए एक वीडियो बयान में कहा कि इजराइल के सहयोगियों ने ”भूख से जुड़ी तस्वीरों” के बारे में चिंता व्यक्त की.
नेतन्याहू ने कहा कि ” दुनिया में इजराइल के सबसे बड़े दोस्तों ने कहा कि एक चीज है जिसे हम बर्दाश्त नहीं कर सकते. हम भूख, भूख की तस्वीरों को स्वीकार नहीं कर सकते. हम इसे बर्दाश्त नहीं कर सकते. हम आपका समर्थन नहीं कर पाएंगे.” नेतन्याहू ने कहा, ”इसलिए जीत हासिल करने के लिए हमें किसी तरह समस्या का समाधान करना होगा.” उन्होंने कहा कि जो सहायता दी जाएगी वह “न्यूनतम” होगी. उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि यह सहायता कब से बहाल होगी.
इजराइल ने रविवार को कहा कि वह मार्च की शुरुआत से आयात पर पूरी तरह रोक लगाने के बाद युद्धग्रस्त क्षेत्र में सहायता आपूर्ति फिर से शुरू करेगा. इजराइल का कहना है कि ईंधन, खाद्य और दवाइयों सहित सामानों पर रोक का उद्देश्य गाजा में चरमपंथी समूह हमास पर दबाव बढ़ाना है. इजराइल का कहना है कि ये सभी तरीके हमास को इजराइल की शर्तों पर युद्ध विराम समझौते के वास्ते सहमत करने के लिए हैं.
इजराइल ने जाने-माने जासूस की फांसी के 60 साल बाद उससे जुड़े सीरियाई अभिलेख बरामद किए
इजराइल ने सीरिया में एक गोपनीय अभियान के बाद, एक प्रसिद्ध इजराइली जासूस से संबंधित हजारों सामग्रियां बरामद की हैं. इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सीरिया के राजनीतिक क्षेत्र में घुसपैठ करने वाले इजराइली जासूस एली कोहेन से संबंधित 2,500 वस्तुओं में से कुछ को कोहेन की पत्नी नादिया कोहेन के साथ रविवार को साझा किया. कोहेन को 60 साल पहले दमिश्क के एक चौराहे पर फांसी दे दी गई थी.
हाल में इजराइल में लाई गई वस्तुओं में दस्तावेज, रिकॉर्डिंग, फोटो, जनवरी 1965 में एली के पकड़े जाने के बाद सीरियाई खुफिया विभाग द्वारा एकत्र की गई वस्तुएं, इजराइल में उनके परिवार को लिखे उनके हस्तलिखित पत्र, सीरिया में मिशन के दौरान उनकी गतिविधियों की तस्वीरें तथा पकड़े जाने के बाद उनके घर से ले जाई गई व्यक्तिगत वस्तुएं शामिल हैं.
इजराइल लाए गए सामान के सूटकेसों में हस्तलिखित पत्रों के पुराने फोल्डर, दमिश्क में एली कोहेन के अपार्टमेंट की चाबियां, पासपोर्ट एवं फर्जी पहचान पत्र संबंधी दस्तावेज, विशिष्ट लोगों एवं स्थानों पर नजर रखने के लिए मोसाद के मिशन तथा एली की जेल से रिहाई के लिए नादिया कोहेन द्वारा विश्व के नेताओं से की गई अपील से जुड़े सभी दस्तावेज शामिल हैं. सीरिया में एली कोहेन की सफलता, जासूसी एजेंसी मोसाद की पहली बड़ी उपलब्धियों में से एक थी और उनके द्वारा प्राप्त अत्यंत गोपनीय खुफिया जानकारी को 1967 के पश्चिम एशिया युद्ध में इजराइल की त्वरित जीत में अत्यधिक मददगार होने का श्रेय दिया जाता है.
एली कोहेन 1960 के दशक की शुरुआत में इजराइल के कट्टर दुश्मन सीरिया के राजनीतिक एवं सैन्य अधिकारियों के साथ घनिष्ठ संपर्क बनाने में कामयाब रहे और अंतत? सीरिया के रक्षा मंत्री के शीर्ष सलाहकार बन गए. कोहेन को 1965 में इजराइल को सूचना प्रसारित करते हुए पकड़ा गया. उन पर मुकदमा चलाया गया और 18 मई, 1965 को दमिश्क के एक चौक पर उन्हें फांसी पर लटका दिया गया. उनके अवशेष अभी तक इजराइल को सौंपे नहीं गए हैं. इजराइल में एली को राष्ट्रीय नायक माना जाता है.
नेतन्याहू ने रविवार को येरुशलम में नादिया कोहेन से कहा, ”60 साल से सीरियाई खुफिया एजेंसियों के पास सुरक्षित उनसे (एली कोहेन से) जुड़े अभिलेखों को लाने के लिए मोसाद और इजराइल ने एक विशेष अभियान चलाया.” नेतन्याहू ने कहा, ”एली एक इजराइली नायक हैं. वह इजराइली खुफिया एजेंसी के सर्वाधिक बेहतरीन एजेंट थे. उनके जैसा कोई नहीं हुआ.”