कांकेर. छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने राज्य की भानुप्रतापपुर सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार ब्रह्मानंद नेताम की उम्मीदवारी रद्द करने की मांग सोमवार को रिर्टिनंग अधिकारी (आरओ) से की. कांग्रेस ने दावा किया कि नेताम ने अपने चुनावी हलफनामे में यह तथ्य छिपाया है कि उनके खिलाफ बलात्कार का एक मामला दर्ज है.
कांग्रेस ने रविवार को दावा किया था कि भाजपा उम्मीदवार नेताम पड़ोसी राज्य झारखंड में 2019 में दर्ज बलात्कार के एक मामले में आरोपी हैं और उन्होंने अपने चुनावी हलफनामे में इसका विवरण नहीं दिया है. नेताम ने आरोपों का खंडन किया था और कहा था कि कांग्रेस उनकी छवि खराब करने की कोशिश कर रही है.
कांकेर जिले में स्थित अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए आरक्षित भानुप्रतापपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस के विधायक और विधानसभा के उपाध्यक्ष मनोज ंिसह मंडावी के पिछले महीने निधन के बाद ये यह सीट रिक्त है. कांग्रेस नेताओं ने बताया कि प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मोहन मरकाम सोमवार को रिर्टिनंग अधिकारी सुमित अग्रवाल के कार्यालय पहुंचे और उपचुनाव के लिए नेताम की उम्मीदवारी नामांकन पत्र में कथित रूप से गलत विवरण प्रस्तुत करने के लिए रद्द करने की मांग की. सुमित अग्रवाल कांकेर जिला पंचायत के मुख्य कार्यकारी अधिकारी भी हैं.
मरकाम ने संवाददाताओं से कहा, ”नेताम ने चुनावी हलफनामे में अपने खिलाफ दर्ज आपराधिक मामले को छुपाया है जो जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 का उल्लंघन है और इसलिए हमने आरओ से उनका नामांकन रद्द करने की मांग की है.” उन्होंने कहा, ”भाजपा का असली चरित्र लोगों के सामने आ गया है. उपचुनाव में बलात्कार के आरोपी को उम्मीदवार बनाकर भाजपा ने पूरे राज्य को शर्मसार कर दिया है. भाजपा को देश, छत्तीसगढ़ और बस्तर की जनता से माफी मांगनी चाहिए.”
कांग्रेस ने ऐसी ही एक शिकायत रायपुर के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को दी है. मरकाम ने आरोप लगाया था कि झारखंड पुलिस ने 15 वर्षीय एक किशोरी को कथित तौर पर देह व्यापार में धकेलने और कई लोगों द्वारा उसके साथ बलात्कार करने के संबंध में 15 मई, 2019 को जमशेदपुर के टेल्को पुलिस थाने में एक मामला दर्ज किया था. उन्होंने दावा किया था कि इस मामले में पुलिस ने भारतीय दंड संहिता और यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण अधिनियम पाक्सो की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था.
मरकाम ने कहा था कि शुरू में इस मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया था और जांच के दौरान कांकेर जिले के चारामा शहर के मूल निवासी भाजपा के पूर्व विधायक ब्रह्मानंद नेताम और चार अन्य व्यक्तियों को भी इस मामले का आरोपी बनाया गया था.
उन्होंने कहा कि झारखंड पुलिस की रिपोर्ट के अनुसार जब अन्य आरोपी पीड़िता को रायपुर लेकर आए थे तब नेताम ने कथित तौर पर उसके साथ बलात्कार किया था.
आरोपों को खारिज करते हुए नेताम ने संवाददाताओं से कहा था कि उनके खिलाफ ऐसा कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है. इस बीच रायपुर जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रशांत अग्रवाल ने इसी मामले में आरोपी आरक्षक केशव सिन्हा को निलंबित कर दिया है. अग्रवाल ने बताया कि रविवार को यह बात सामने आने के बाद सिन्हा को निलंबित कर दिया गया कि 2019 में झारखंड के टेल्को पुलिस थाने में दर्ज बलात्कार के मामले में वह एक आरोपी है.