Asian Games 2026: भारत को बड़ा झटका, सात्विक-चिराग और प्रीति पवार बाहर; तनीषा-ध्रुव ने दिलाई राहत

एशियन गेम्स 2026 के छठे दिन भारत को बैडमिंटन और बॉक्सिंग में निराशा मिली। सात्विकसाईराज रैंकीरेड्डी-चिराग शेट्टी पुरुष युगल के पहले दौर में हारकर बाहर हुए, जबकि प्रीति पवार को राउंड ऑफ-16 में हार मिली।

Author: www.navabharat.news
UPDATED: Fri, 25 Sep 2026 03:53 PM
Asian Games 2026: भारत को बड़ा झटका, सात्विक-चिराग और प्रीति पवार बाहर; तनीषा-ध्रुव ने दिलाई राहत

ऑडियो सुनें

Asian Games 2026 Live Updates: जापान के नागोया और आइची में जारी एशियन गेम्स के छठे दिन भारत के लिए कई अहम मुकाबले हुए। शुक्रवार को भारतीय खिलाड़ियों से पदक की उम्मीदें थीं, लेकिन बैडमिंटन और बॉक्सिंग में टीम इंडिया को कुछ बड़े झटके लगे।

गत चैंपियन सात्विकसाईराज रैंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी पुरुष युगल के पहले दौर में ही हारकर प्रतियोगिता से बाहर हो गए। वहीं कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली मुक्केबाज प्रीति पवार भी महिला 54 किग्रा वर्ग के राउंड ऑफ-16 में हार गईं।

सात्विक-चिराग पहले दौर में बाहर

भारत की स्टार पुरुष युगल जोड़ी सात्विकसाईराज रैंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी को थाईलैंड की पीराचाई सुकफुन और पक्कापोन तीरात्साकुल की जोड़ी ने हराया।

भारतीय जोड़ी ने मुकाबले की शुरुआत शानदार अंदाज में की और पहला गेम 21-12 से अपने नाम किया। इसके बाद थाई जोड़ी ने वापसी करते हुए दूसरा गेम 21-19 से जीत लिया।

निर्णायक तीसरे गेम में थाई खिलाड़ियों ने दबाव बनाए रखा और 21-14 से गेम जीतकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस हार के साथ सात्विक-चिराग का एशियन गेम्स अभियान पुरुष युगल के पहले दौर में ही समाप्त हो गया।

प्रीति पवार भी राउंड ऑफ-16 में हारीं

महिला 54 किग्रा बॉक्सिंग के राउंड ऑफ-16 में भारत की प्रीति पवार का सामना उत्तर कोरिया की चोल मी पांग से हुआ। प्रीति को मुकाबले में सर्वसम्मत निर्णय से 0-5 की हार मिली।

उत्तर कोरियाई मुक्केबाज ने तीनों राउंड में बढ़त बनाए रखी और सभी जजों के फैसले उनके पक्ष में रहे। प्रीति के बाहर होने के साथ भारत को बॉक्सिंग में एक और झटका लगा।

प्रीति ने इससे पहले राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीता था और पिछले एशियाई खेलों में कांस्य पदक भी अपने नाम किया था।

तनीषा-ध्रुव ने दिलाई राहत

बैडमिंटन में सात्विक-चिराग की हार के बाद भारत को मिश्रित युगल में राहत मिली। तनीषा क्रास्टो और ध्रुव कपिला की भारतीय जोड़ी ने मलेशिया की विश्व नंबर-10 जोड़ी गोह सून हुआट और लाई शेवन जेनी को हराकर अगले दौर में जगह बनाई।

भारतीय जोड़ी ने बेहद करीबी मुकाबले में 22-20, 24-22 से जीत दर्ज की। दोनों गेम में भारतीय खिलाड़ियों ने दबाव के बीच महत्वपूर्ण अंक हासिल किए।

भारोत्तोलन में निरुपमा सातवें स्थान पर

महिला भारोत्तोलन में भारत की निरुपमा सेरम देवी पदक हासिल नहीं कर सकीं। उन्होंने कुल 217 किलोग्राम वजन उठाया और सातवें स्थान पर रहीं।

निरुपमा ने स्नैच में 93 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 124 किलोग्राम का सर्वश्रेष्ठ भार उठाया।

इस स्पर्धा में चीन की लियूए यांग ने कुल 251 किलोग्राम उठाकर स्वर्ण पदक जीता। उत्तर कोरिया की जिन है पाक ने 248 किलोग्राम के साथ रजत और चीनी ताइपे की सिंग चुन कुओ ने 237 किलोग्राम के साथ कांस्य पदक जीता।

साजन प्रकाश भी पदक से चूके

तैराकी में भारत के साजन प्रकाश पुरुषों की 200 मीटर बटरफ्लाई स्पर्धा के फाइनल में सातवें स्थान पर रहे। उन्होंने 1:58.42 का समय दर्ज किया।

इस स्पर्धा में चीनी ताइपे के कुआन हुंग वांग ने 1:55.05 के समय के साथ स्वर्ण पदक जीता। चीन के फांग जू ने 1:55.65 के साथ रजत और दक्षिण कोरिया के मिनसेओप किम ने 1:55.95 के साथ कांस्य पदक हासिल किया।

क्रिकेट में नेपाल ने किया उलटफेर

एशियन गेम्स के क्रिकेट मुकाबले में नेपाल ने अफगानिस्तान को पांच विकेट से हरा दिया। अफगानिस्तान की टीम ने 102 रन बनाए, जिसे नेपाल ने 17.2 ओवर में पांच विकेट खोकर हासिल कर लिया।

नेपाल की जीत में संदीप जोरा और रोहित पौडेल ने अहम योगदान दिया। यह पांच टी20 मुकाबलों में अफगानिस्तान के खिलाफ नेपाल की दूसरी जीत रही।

एथलेटिक्स में मनप्रीत और कृष्णा से उम्मीद

एथलेटिक्स में भारत की मनप्रीत कौर और कृष्णा जयशंकर मेनन महिला शॉट पुट फाइनल में उतरने वाली हैं। मनप्रीत इस स्पर्धा में 18.06 मीटर के सत्र के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ पहुंची हैं।

फाइनल में भारतीय खिलाड़ियों की नजर पदक पर होगी।

भारत के लिए मिला-जुला दिन

एशियन गेम्स 2026 के छठे दिन भारत को कुछ स्पर्धाओं में निराशा मिली, जबकि कुछ मुकाबलों में खिलाड़ियों ने अगले दौर में जगह बनाकर उम्मीदें कायम रखीं। सात्विक-चिराग और प्रीति पवार की हार भारत के लिए अहम झटके रहे, जबकि तनीषा क्रास्टो और ध्रुव कपिला की जीत ने बैडमिंटन में राहत दी।

आने वाले मुकाबलों में भारतीय एथलीटों के पास पदक तालिका में भारत की स्थिति मजबूत करने के और मौके होंगे।

By www.navabharat.news