नयी दिल्ली. कांग्रेस महासचिव सचिन पायलट ने मंगलवार को कहा कि आगामी सात मार्च को पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति (सीईसी) की बैठक होगी जिसके बाद लोकसभा चुनाव के लिए बड़ी संख्या में उम्मीदवारों की घोषणा होने की उम्मीद है. पायलट ने राजस्थान से संबंधित स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक के बाद यह भी कहा कि कांग्रेस अलग अलग राज्यों में ‘इंडिया’ गठबंधन को लगातार मजबूत कर रही है.
उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ”अच्छी बैठक हुई है. लगातार हम नामों को अतिम रूप दे रहे हैं. जब सात मार्च को सीईसी की बैठक होगी, तब हम उम्मीद करते हैं कि बड़ी संख्या में नामों की घोषणा की जाएगी.” राजस्थान के पूर्व उप मुख्यमंत्री ने कहा, ”राजस्थान के संदर्भ में अच्छी बैठक हुई है. प्रदेश में हमारे पक्ष में अच्छा माहौल बन रहा है.”
राजस्थान में गठबंधन की संभावना के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ”जो भी होगा आपको पता चल जाएगा. हम चाह रहे हैं कि हमारी पूरी तैयारी रहे. हम लोग ‘इंडिया’ गठबंधन को मजबूत कर रहे हैं. अलग अलग राज्य में हमने गठबंधन को अंतिम रूप दिया गया है और बहुत जल्द दूसरे राज्यों में गठबंधन को अंतिम रूप देंगे.” यह पूछे जाने पर कि क्या वह चुनाव लड़ेंगे तो उनका कहना था कि सीईसी इस बारे में फैसला करेगी कि कौन चुनाव लड़ेगा.
युवाओं के लिए विशेष योजना लाने, ‘अग्निपथ’ खत्म करने समेत कई चुनाव वादे कर सकती है कांग्रेस
कांग्रेस आगामी लोकसभा चुनाव के लिए अपने घोषणापत्र को लगभग अंतिम रूप दे चुकी है जिसमें वह बेरोजगारी से निपटने के लिए युवाओं को प्रशिक्षण देने से जुड़ी योजना लाने तथा ‘अग्निपथ’ योजना को समाप्त करने जैसे कई बड़े वादे कर सकती है. पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की अध्यक्षता वाली घोषणा पत्र समिति ने चुनाव मुद्दों के संदर्भ में लंबी मंत्रणा की है.
पार्टी की घोषणापत्र समिति में प्रियंका गांधी वाद्रा, शशि थरूर, जयराम रमेश और आनंद शर्मा जैसे वरिष्ठ नेता शामिल हैं. समिति के प्रमुख सदस्यों ने मंगलवार दोपहर पार्टी मुख्यालय में बैठक की और दस्तावेज. को अंतिम रूप दिया. सोमवार को भी यहां समिति की बैठक हुई थी.
बैठक से पहले एक सूत्र ने बताया, “समिति आज पार्टी के घोषणापत्र को अंतिम रूप देने से पहले आखिरी दौर की बातचीत करेगी और अपनी अंतिम सिफारिशें करेगी.” इस 50 पृष्ठ के दस्तावेज. को अंतिम मंजूरी के लिए पार्टी के शीर्ष नेतृत्व और फिर कांग्रेस कार्य समिति के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा.
सूत्रों ने कहा कि पार्टी का घोषणापत्र युवाओं, महिलाओं, गरीबों और किसानों को सशक्त बनाने पर केंद्रित होगा. उन्होंने कहा कि पार्टी पेपर लीक के खतरे से निपटने के लिए एक योजना पर विचार कर रही है और सरकारी र्भितयों में पारर्दिशता लाने के लिए अपना दृष्टिकोण पेश करने की संभावना है.
चुनाव से पहले बेरोजगारी और महंगाई के मुद्दों को बड़े पैमाने पर उठाने के बाद कांग्रेस जर्मनी जैसे कुछ विकसित देशों की तर्ज पर युवाओं के लिए एक योजना की घोषणा कर सकती है. इस योजना के तहत युवाओं को प्रशिक्षण और साथ साथ ही एक निश्चित मानदेय दिया जाता है.
घोषणापत्र में 5-न्याय (न्याय के पांच स्तंभ) पर जोर होने की संभावना है, जिसका वादा कांग्रेस ने पार्टी नेता राहुल गांधी की अगुवाई वाली ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ के दौरान किया था. पार्टी न्यूनतम समर्थन मूल्य को कानूनी गारंटी देने और सरकारी रिक्तियों को भरने के लिए देश में जाति-आधारित जनगणना का वादा करने पर भी ध्यान केंद्रित करेगी.
कांग्रेस कुछ कल्याणकारी उपायों पर जोर दे सकती है जैसे कि समाज के हाशिए पर रहने वाले वर्गों को वित्तीय सहायता प्रदान करना और यह सुनिश्चित करना कि उन्हें न्याय मिले और वो राज्य कल्याण उपायों का हिस्सा बनें. सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस सेना में भर्ती की नई योजना ‘अग्निपथ’ को भी खत्म करने और पुरानी भर्ती प्रक्रिया को बहाल करने का वादा कर सकती है.