तेल अवीव. इजराइल पर हमास के अप्रत्याशित हमले के एक दिन बाद रविवार को इजराइली सैनिकों और हमास लड़ाकों के बीच दक्षिणी इजराइल में संघर्ष जारी रहा जबकि इजराइल ने जवाबी हमले कर गाजा में कई इमारतों को जमींदोज कर दिया. वहीं, उत्तरी इजराइल में लेबनान के चरमपंथी समूह हिजबुल्ला के साथ संघर्ष से युद्ध के व्यापक पैमाने पर फैलने की आशंका बढ़ गयी है.
गाजा से अप्रत्याशित हमले के 24 घंटे से अधिक समय बाद भी संघर्ष जारी है. हमास के आतंकवादियों ने शनिवार तड़के इजराइल पर हजारों रॉकेट दागे और आतंकवादी इजराइल के सुरक्षा घेरे को तोड़कर सीमा के आसपास के इलाकों में घुस गए. इजराइल के कई मीडिया संस्थानों ने खबरें दी हैं कि हमास के हमले में इजराइल में मृतकों की संख्या 600 तक पहुंच गई है. वहीं, गाजा में भी 300 से अधिक लोगों की मौत हो गई.
आतंकवादियों ने तटीय गाजा क्षेत्र में महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को बंधक बना लिया. आशंका जताई गई है कि आतंकवादी बंधक बनाए गए लोगों की रिहाई के बदले में हजारों फलस्तीनी कैदियों को छोड़ने की मांग कर सकते हैं. अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने समाचार चैनल ‘सीएनएन’ को बताया कि अमेरिका उन खबरों को सत्यापित करने के लिए काम कर रहा है, जिसमें कई अमेरिकी नागरिकों के मारे जाने या लापता होने का दावा किया गया है.
मृतकों और बंधकों की बढ़ती संख्या तथा हमले के प्रति धीमी प्रतिक्रिया ने एक बड़ी खुफिया विफलता की ओर इशारा किया और लंबे समय से चली आ रही उस धारणा को कमजोर कर दिया कि दशकों से नियंत्रित छोटे व घनी आबादी वाले क्षेत्र में इजराइल की चप्पे-चप्पे पर निगरानी है.
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि देश युद्ध लड़ रहा है और दुश्मनों को भारी कीमत चुकानी पड़ेगी. उन्होंने आगाह किया कि ”इस युद्ध में वक्त लगेगा. यह मुश्किल होगा.” नेतन्याहू के सुरक्षा मंत्रिमंडल ने रविवार को एक घोषणा में आधिकारिक तौर पर देश को युद्धग्रस्त घोषित कर दिया और कहा कि यह निर्णय औपचारिक रूप से ”महत्वपूर्ण सैन्य कदम उठाने” के लिए अधिकृत करता है.
इजराइल ने पिछले चार दशकों में लेबनान और गाजा में बड़े सैन्य अभियान चलाए हैं, जिन्हें उसने युद्ध के रूप में पेश किया है, लेकिन औपचारिक घोषणा के बिना ऐसा किया गया है. स्थानीय थिंक टैंक ‘इजराइल डेमोक्रेसी इंस्टीट्यूट’ के प्रमुख योहानन प्लास्नर ने कहा कि मंत्रिमंडल का निर्णय काफी हद तक प्रतीकात्मक है, लेकिन ”यह दर्शाता है कि सरकार सोचती है कि युद्ध अधिक लंबे, गहन और महत्वपूर्ण दौर में प्रवेश कर रहा है.” अब एक बड़ा सवाल यह है कि क्या इजराइल गाजा में जमीनी हमला करेगा, एक ऐसा कदम जिसके कारण अतीत में कई लोग मारे गए थे.
दोनों तरफ के आम नागरिकों को युद्ध की भारी कीमत चुकानी पड़ी है. इजराइल के कई मीडिया संस्थानों ने खबरें दी हैं कि हमास के हमले में इजराइली सैनिकों समेत 600 लोगों की मौत हो चुकी है. वहीं, गाजा में अधिकारियों ने कहा कि क्षेत्र में कम से कम 313 लोगों की मौत हो गयी.
दोनों तरफ करीब 2,000-2,000 लोग घायल हुए हैं. इजराइल के एक अधिकारी ने बताया कि सेना ने 400 आतंकवादियों को मार गिराया है और कई आतंकियों को पकड़ लिया गया है. इजराइली टेलीविजन ने बंधक या लापता इजराइलियों के रिश्तेदारों की कई वीडियो प्रसारित की जो अपने प्रियजनों की जान जोखिम में होने के बीच मदद की गुहार लगाते हुए दिखे.
गाजा में सीमा के निकट इजराइली हमलों से बचने के लिए निवासी अपने घरों को छोड़कर भाग गए. इस बीच, पड़ोसी देश मिस्र के अलेक्जेंड्रिया शहर में रविवार को एक पुलिसकर्मी ने एक पर्यटक स्थल पर इजराइली पर्यटकों को निशाना बनाकर गोलीबारी की, जिससे इजराइल के दो और मिस्र के एक नागरिक की मौत हो गई. मिस्र ने कई दशक पहले इजराइल के साथ शांति स्थापित की थी लेकिन इजराइल-फलस्तीन के बीच संघर्ष के दौरान मिस्र में इजराइल-विरोधी रुख देखने को मिलता है.
इजराइल की उत्तरी सीमा पर इस हमले से उसके एक कट्टर शत्रु हिजबुल्ला के युद्ध में शामिल होने का खतरा पैदा हो गया है जिसे ईरान का समर्थन प्राप्त है और उसके पास हजारों रॉकेट होने का अनुमान है. हिजबुल्ला ने सीरिया में इजराइल के कब्जे वाले गोलन हाइट्स के साथ लगती देश की सीमा पर एक विवादित इलाके में तीन इजराइली ठिकानों पर रविवार को कई रॉकेट दागे और गोलाबारी की.
इजराइल के रियर एडमिरल डेनियल हेगारी ने पत्रकारों को बताया कि मुठभेड़ के बाद उत्तरी सीमा पर हालात सामान्य हैं. उन्होंने कहा कि दक्षिणी हिस्से में संघर्ष जारी है और वहां अभी भी लड़ाई के हालात हैं. हेगारी ने कहा कि गाजा सीमा के पास सभी इलाकों में सैनिक भेजे गए हैं, जहां सभी नागरिकों को निकालने और आतंकवादियों की तलाश में क्षेत्र को खंगालने की योजना बनाई गई है. उन्होंने कहा, ”हम अपनी जमीन पर मौजूद हर आतंकी को मार गिराएंगे.” हमास ने कहा कि रातभर वह इजराइल में ”अपने कब्जे वाले क्षेत्रों” में लड़ाके और गोला-बारूद भेजता रहा.
वहीं, हमास नेताओं ने कहा कि वे आगे की लड़ाई के लिए तैयार हैं. हमास की राजनीतिक शाखा के उप प्रमुख सालेह अल-अरौरी ने अल-जजीरा टीवी को बताया, ”हम आर-पार के युद्ध समेत सभी विकल्पों के लिए तैयार हैं.” हमास से जुड़ी मीडिया की खबरों में बताया गया कि हमास के एक वरिष्ठ नेता निजार अवदल्ला के बेटे की भी संघर्ष में मौत हो गई.
हालांकि, हमास ने अपने किसी वरिष्ठ सदस्य के बंधक होने, घायल या मारे जाने की पुष्टि नहीं की है. हमास ने शनिवार सुबह गाजा पट्टी पर एक सीमा बाड़ को विस्फोटकों से उड़ा दिया और वाहनों में सवार होकर कम से कम 22 जगहों पर घुसपैठ की. हमास ने इजराइली शहरों पर हजारों रॉकेट दागे. इजराइली सेना ने बताया कि उसने गाजा में 426 ठिकानों पर हमले किए और विस्फोटों से कई रिहायशी इमारतें गिरा दीं.
फलस्तीन के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि गाजा पट्टी में 20 बच्चों समेत कम से कम 313 लोगों की मौत हो गयी और करीब 2,000 लोग घायल हुए हैं. इजराइली मीडिया ने बचाव सेवा अधिकारियों के हवाले से बताया कि हमास के हमले में कम से कम 600 लोगों की मौत हो गई और 2,000 से अधिक अन्य घायल हुए हैं. यह इजराइल में हाल के दशकों में हुए सबसे वीभत्स हमलों में से एक है.
फलस्तीनियों के लिए संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी ‘यूएनआरडब्ल्यूए’ ने कहा कि 20,000 से अधिक फलस्तीनियों ने गाजा के सीमावर्ती क्षेत्र को छोड़ दिया और अंदरुनी क्षेत्रों में जाकर संयुक्त राष्ट्र के स्कूलों में शरण ली. इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने शनिवार रात को टेलीविजन पर अपने संबोधन में कहा कि सेना हमास को तबाह करने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा देगी.
उन्होंने गाजा के निवासियों से कहा, ”अब वहां से निकल जाओ.” वर्ष 2007 में हमास आतंकवादियों द्वारा नियंत्रण हासिल करने के बाद से गाजा के 23 लाख लोगों ने सीमा नाकेबंदी को झेला है. गाजा में, अधिकांश आबादी शनिवार रात अंधेरे में डूब गई क्योंकि इजराइल ने बिजली की आपूर्ति ठप कर दी और कहा कि वह अब क्षेत्र में बिजली, ईंधन या अन्य सामान की आपूर्ति नहीं करेगा.
मिस्र के एक अधिकारी ने कहा कि इजराइल ने बंधकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए काहिरा से मदद मांगी है और मिस्र के खुफिया प्रमुख ने हमास से संपर्क किया है. मिस्र ने पूर्व में भी दोनों पक्षों के बीच मध्यस्थता की थी. हमास और अन्य आतंकवादी समूहों का समर्थन करने वाले ईरान के राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी ने फलस्तीनी राष्ट्र की ”वैध रक्षा” की प्रशंसा की और कहा कि इजराइल और उसके समर्थकों को ”जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए.” सरकारी समाचार एजेंसी आईआरएनए ने रविवार को बताया कि राष्ट्रपति इब्राहिम ने हमास के नेता इस्माइल हानियेह से फोन पर बात की.
हमास की सैन्य शाखा के नेता मोहम्मद देइफ ने कहा कि यह हमला गाजा की 16 साल की नाकेबंदी और हाल की कई घटनाओं की प्रतिक्रिया है. पिछले साल इजराइल की धुर-दक्षिणपंथी सरकार ने कब्जे वाले वेस्ट बैंक में बस्तियों का निर्माण तेज कर दिया था. इजराइली हिंसा ने वहां सैकड़ों फलस्तीनियों को विस्थापित कर दिया है और यरुशलम के पवित्र स्थल के आसपास तनाव बढ़ गया है.
अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा कि इस आतंकी हमले के समय अमेरिका इजराइल के लोगों के साथ खड़ा है. उन्होंने कहा कि इजराइल को अपनी रक्षा करने का अधिकार है.