भोपाल के विधायक विश्राम गृह में कांग्रेस विधायक दिनेश जैन बॉस के कमरे से जुड़ा चौंकाने वाला मामला सामने आया है। विधायक के मुताबिक, 2 नवंबर को दिल्ली से लौटने के बाद जब वे अपने कमरे में पहुंचे, तो वहां पुलिस की वर्दी पहने युवक-युवती आपत्तिजनक हालत में मिले।
विधायक को देखकर दोनों माफी मांगने लगे और फिर मौके से भाग निकले। घटना के बाद विधायक ने विश्राम गृह की सुरक्षा व्यवस्था और कर्मचारियों की लापरवाही पर गंभीर सवाल उठाए हैं। विधायक दिनेश जैन बोस ने 3 नवंबर 2026 को लिखे पत्र में बताया कि विधायक विश्राम गृह खंड-3 में उन्हें कक्ष क्रमांक 14-15 और एक अतिरिक्त कक्ष क्रमांक 94 आवंटित किया गया है. वे 2 नवंबर को विधानसभा से जुड़े काम के सिलसिले में भोपाल पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने विश्राम गृह के काउंटर से कक्ष क्रमांक 15 की चाबी मांगी, लेकिन वहां बताया गया कि चाबी उपलब्ध नहीं है. इसके बाद वे कक्ष क्रमांक 14 की चाबी लेकर ऊपर पहुंचे.जब वे अपने आवंटित कमरे के पास पहुंचे तो कक्ष क्रमांक 15 में एक महिला और पुरुष पुलिसकर्मी मौजूद मिले. दोनों आपस में दोस्त हैं.
विधायक ने विधानसभा के प्रमुख सचिव से पूरे मामले की जांच कराने, बिना अनुमति कमरे की चाबी देने के लिए जिम्मेदार केयरटेकर के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करने और विश्राम गृह की सुरक्षा, साफ-सफाई तथा प्रबंधन व्यवस्था सुधारने की मांग की है. विधायक ने सवाल उठाया कि उनके नाम पर आवंटित कमरे की चाबी उनकी अनुमति के बिना किसी दूसरे व्यक्ति को कैसे दे दी गई? उन्होंने इसे विश्राम गृह की सुरक्षा व्यवस्था में गंभीर चूक बताया है. शिकायत में वर्तमान केयरटेकर गणेश सूर्यवंशी की भूमिका पर भी सवाल उठाए गए हैं. विधायक ने विश्राम गृह की साफ-सफाई और कर्मचारियों के व्यवहार पर भी नाराजगी जताई है. उनका आरोप है कि परिसर में सफाई व्यवस्था ठीक नहीं है और कुछ कर्मचारी सुबह से शराब पीकर इधर-उधर घूमते रहते हैं. जनप्रतिनिधियों के ठहरने के लिए बनाए गए विश्राम गृह में इस तरह की स्थिति को उन्होंने अस्वीकार्य बताया है.