सियोल. दक्षिण कोरिया में पिछले सप्ताह की गयी ‘मार्शल लॉ’ की घोषणा के सिलसिले में गिरफ्तार किये गये पूर्व रक्षा मंत्री को हिरासत में आत्महत्या का प्रयास करने से रोक दिया गया. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति यून सूक येओल के कार्यालय ने परिसर की तलाशी लेने के पुलिस के प्रयास का विरोध किया.
मुख्य विपक्षी दल ‘डेमोक्रेटिक पार्टी’ ने तीन दिसंबर की घोषणा के सिलसिले में यून पर महाभियोग चलाने के लिए नया प्रस्ताव पेश करने की योजना बनायी है. इस घोषणा के बाद चार दशकों से अधिक की अवधि में पहली बार दक्षिण कोरिया में मार्शल लॉ लग गया.
पिछले शनिवार को महाभियोग का पहला प्रयास विफल हो गया था क्योंकि सत्तारूढ. पार्टी ने मतदान का बहिष्कार किया था. पार्टी ने कहा कि शनिवार को मत विभाजन के वास्ते बृस्पतिवार को नया प्रस्ताव सौंपने की उसकी योजना है.
यून की गलत तरीके से सत्ता हथियाने की कोशिश ने दक्षिण कोरियाई राजनीति को पंगु बना दिया है, उसकी विदेश नीति को अवरुद्ध कर दिया है और वित्तीय बाजारों को हिलाकर रख दिया है. बुधवार को, प्रतिद्वंद्वी उत्तर कोरिया के सरकारी मीडिया ने पहली बार सीमा पार की उथल-पुथल के बारे में रिपोर्ट की, लेकिन देश ने कोई संदिग्ध गतिविधि नहीं दिखाई. कोरिया सुधार सेवा के महा आयुक्त जनरल शिन योंग हे ने सांसदों को बताया कि पूर्व रक्षा मंत्री किम योंग ‘ून ने पिछली रात सियोल के एक हिरासत केंद्र में खुदकुशी करने की कोशिश की थी. उन्होंने कहा कि सुधार अधिकारियों ने उन्हें रोक लिया और उनकी हालत स्थिर है.
सियोल की एक अदालत ने विद्रोह में अहम भूमिका निभाने और सत्ता का दुरुपयोग करने के आरोपों पर उनके खिलाफ वारंट को मंजूरी दे दी थी, जिसके बाद बुधवार को किम को गिरफ्तार कर लिया गया था. मार्शल लॉ के आदेश के बाद औपचारिक रूप से गिरफ्तार होने वाले किम पहले व्यक्ति हैं. यून के कार्यालय ने राष्ट्रपति परिसर की तलाशी में बाधा डाली. बाद में पुलिस ने राष्ट्रीय पुलिस एजेंसी के आयुक्त जनरल चो जी हो और राजधानी सियोल की महानगरीय पुलिस एजेंसी के प्रमुख किम बोंग-सिक को हिरासत में ले लिया.
उन पर सांसदों को मतदान करने से रोकने के लिए संसद में पुलिस बल तैनात करने का आरोप लगाया गया था.