संप्रग के शासनकाल में आतंकवाद ‘पनपा’, ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को पूरे विश्व ने देखा: राजीव रंजन सिंह

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Mon, 28 Jul 2025 08:15 PM
संप्रग के शासनकाल में आतंकवाद ‘पनपा’, ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को पूरे विश्व ने देखा: राजीव रंजन सिंह
ऑडियो सुनें

नयी दिल्ली/लखनऊ. केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने सोमवार को लोकसभा में आरोप लगाया कि संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) के शासनकाल में देश में आतंकवाद ‘पनपा’. इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि ऑपरेशन सिंदूर की सफलता विपक्षी पार्टियों को दिखाई नहीं पड़ती, जबकि उसे पूरे विश्व ने देखा.

संसद के निचले सदन में, ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर चर्चा में भाग लेते हुए जनता दल (यूनाइटेड) नेता ने कांग्रेस के गौरव गोगोई के भाषण का उल्लेख करते हुए कहा, ”उन्होंने एक भी शब्द इस देश की सेना की वीरता और पराक्रम पर नहीं कहा. सेना की आप प्रशंसा नहीं कर रहे. बल्कि आप बता रहे हैं कि कितना जहाज गिरा, कितनी मिसाइल गिरीं. क्या आपकी नजर में इस देश के सैनिकों का कोई महत्व नहीं है?” केंद्रीय मंत्री ने कहा कि संप्रग के शासनकाल (2004 से 2014 तक) में देश में आतंकवाद ‘पनपा’ और उसे जगह मिली. उस अवधि के दौरान देश में जो आतंकी घटनाएं हुईं, उनमें 615 लोग मारे गए.

सिंह ने संप्रग शासनकाल के दौरान देश में हुए आतंकी हमलों का उल्लेख किया और कहा कि 26 नवंबर 2008 को मुंबई में आतंकियों का कब्जा था और आतंकी कैसे घुसे थे, उन्हें बताना चाहिए. उन्होंने कहा कि उस हमले में 175 लोग मारे गए थे और 300 लोग घायल हुए थे. उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि आतंकवाद से लड़ने का ”आपमें न तो साहस था और न ही दम. आप केवल खानापूर्ति करते थे और घड़ियाली आंसू बहाते थे.” जद (यू) नेता ने कहा कि पूरे देश ने देखा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान की ओर से दागी गईं सारी मिसाइल हवा में फुलझड़ी की तरह ध्वस्त हो गईं, लेकिन आपको नहीं दिखता है.

उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के 11 एयर बेस को भारतीय वायुसेना ने ध्वस्त कर दिया और पाकिस्तान के घुटने टेकने के बाद संघर्ष विराम हुआ था. उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया ने ऑपरेशन सिंदूर को सराहा और समर्थन किया. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर से विश्व को यह संदेश गया कि भारत एक सशक्त देश है और अपनी रक्षा करने में समर्थ है.

उन्होंने कहा, ”प्रधानमंत्री (नरेन्द्र मोदी) जी बोलते नहीं हैं, बल्कि वह ‘एक्ट’ (कार्रवाई) करते हैं और ‘एक्ट’ कर अपनी ताकत दिखाते हैं, चाहे ‘र्सिजकल स्ट्राइक’ हो, (बालाकोट) एयर सट्राइक हो या ऑपरेशन सिंदूर हो.” सिंह ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दबाव में आकर संघर्ष विराम करने संबंधी विपक्षी दलों के दावे को खारिज करते हुए कहा कि बार-बार ऐसा बोलने से यह सच नहीं हो जाएगा, बल्कि सच्चाई यह है कि भारत किसी के दबाव में नहीं आता और अपना निर्णय स्वयं लेने में समर्थ है.

उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए दावा किया कि मुख्य विपक्षी पार्टी का आदर्श गोएबल्स (जर्मनी के तानाशाह रहे हिटलर के प्रचार और सार्वजनिक सूचना मंत्री) है. उन्होंने उल्लेख किया कि गोएबल्स ने कहा था किसी झूठ को बार-बार बोलने से वह सच मान लिया जाता है. उन्होंने कहा कि यह एक प्रसिद्ध कहावत है लेकिन यह विचार सही नहीं है.

सिंह ने कहा, ”यह एक दुष्प्रचार रणनीति है. झूठ कितनी बार भी दोहराई जाए, सच नहीं हो जाएगा.” उन्होंने विपक्षी दलों से आतंकवाद के खिलाफ सरकार के साथ एकजुट होने की अपील करते हुए कहा कि दलगत राजनीति से ऊपर उठ कर आतंकवाद के खिलाफ कंधे से कंधा मिला कर चलने की जरूरत है.

तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) के लव श्री कृष्ण देवरायलू ने चर्चा में भाग लेते हुए कहा कि ऑपरेशन सिंदूर से संदेश स्पष्ट है कि भारत इंतजार करेगा लेकिन रूकेगा नहीं. उन्होंने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद विदेशों में भेजे गए सर्वदलीय मंडल का सदस्य होने के नाते ”वहां हमने एकजुटता दिखाई” और दुनिया ने देखा कि हम किसलिए खड़े हैं और पाकिस्तान किसलिए खड़ा है.” उन्होंने कहा कि दुनिया ने यह भी देखा कि भारत ने विश्व को अहिंसा जबकि पाकिस्तान ने आतंकवाद दिया है.

आतंकवाद के प्रति मोदी की नीति के कारण अब कोई भी आतंकी कहीं भी सुरक्षित नहीं : केशव प्रसाद मौर्य

उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए दावा किया कि आतंकवाद के प्रति उनकी (मोदी) ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के कारण अब कोई भी आतंकी कहीं भी सुरक्षित नहीं है.
मौर्य ने “एक्स” पर एक पोस्ट में कहा ” ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने एक बार फिर पाकिस्तान समेत समूची दुनिया को जता दिया है कि जब भारत की सेना गरजती है, तो पाकिस्तान और उसकी खुराक पर पलने वाले आतंकी शिविरों में सन्नाटा पसर जाता है.” उन्होंने यह टिप्पणी ऐसे वक्त की है जब संसद में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर चर्चा हो रही है.

भारतीय जनता पार्टी के नेता मौर्य ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा “र्सिजकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक के बाद अब ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की विजय ने आतंकवाद की जड़ों को हिला कर रख दिया है. लेकिन देश में विपक्ष के नेता श्री राहुल गांधी और उनकी ‘सदाबहार मंडली’ के मानस पर इसका ‘गहरा आघात’ लगा है.” मौर्य ने कहा “इससे परेशान होकर उन्होंने भारतीय सेनाओं और उनके शौर्य पर ही सवाल उठा दिया है. भारत और पाकिस्तान के किसी भी मामले में वे पाकिस्तान के पक्षकार बन जाते हैं.” उप मुख्यमंत्री ने ज.ोर देकर कहा “यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के निर्णायक नेतृत्व का बारंबार अभिनंदन है. आतंकवाद के प्रति उनकी ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के कारण अब कोई भी आतंकी कहीं भी सुरक्षित नहीं है. वंदेमातरम!” एक अन्य पोस्ट में उन्होंने कहा ” ‘ऑपरेशन सिंदूर’ से बढ़ा भारत की सेना का सम्मान, मगर कांग्रेस को ‘बर्दाश्त नहीं’ पाकिस्तान का अपमान.”

प्रधानमंत्री ‘डिफेंडर ऑफ इंडिया’ हैं: तेजस्वी सूर्या

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद तेजस्वी सूर्या ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर लगाये गए ‘सरेंडर’ करने के आरोप को खारिज करते हुए सोमवार को कहा कि प्रधानमंत्री ‘डिफेंडर ऑफ इंडिया’ (भारत के रक्षक) हैं. उन्होंने संसद के निचले सदन में, ऑपरेशन सिंदूर पर विशेष चर्चा में भाग लेते हुए यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत अब ”घर में घुसकर मारता है.” सूर्या ने कहा, ”विपक्ष प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति पर सवाल उठा रहा है. नेता प्रतिपक्ष बार-बार प्रधानमंत्री को लेकर ‘सरेंडर’ की बात कहते हैं. मोदी जी ‘डिफेंडर ऑफ इंडिया’ हैं, आप ‘सरेंडर’ करने वाले लोग हैं.” सूर्या ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर इस बात का संदेश था कि भारत में हमला करने वाला कोई आतंकी सुरक्षित नहीं रहेगा. उन्होंने कहा कि हर महत्वपूर्ण देश भारत के साथ खड़ा रहा, यह भारत की कूटनीतिक ताकत का प्रमाण है.

उनका कहना था, ”हम कूटनीतिक और सैन्य मोर्चों को एक साथ जीतने के लिए तैयार हैं.” भाजपा सांसद ने दावा किया कि कांग्रेस पूरी दुनिया में इकलौती पार्टी है जिसने जानबूझकर आतंकवाद विरोधी कानून ‘पोटा’ को खत्म किया. लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) की सदस्य शांभवी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर से पहलगाम हमले में अपने परिजनों को जान गंवाते देखने वाली महिलाओं के आंसुओं को ही नहीं पोंछा, बल्कि उन्हें सम्मान भी दिलाया.

उन्होंने कहा, ”यह नया भारत है जो आतंकवादियों के मारे जाने पर मोमबत्ती नहीं जलाता, बल्कि उनकी चिताएं जलाता है.” शांभवी ने कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा के भाषण का जिक्र करते हुए कहा कि विपक्षी पार्टी के लोग 1971 के (भारत-पाकिस्तान) युद्ध के लिए केवल तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का नाम लेते हैं, लेकिन कभी तत्कालीन रक्षा मंत्री बाबू जगजीवन राम को उस युद्ध की जीत का श्रेय नहीं देते जिन्हें बांग्लादेश ने ‘युद्ध का नायक’ करार दिया था.

चर्चा में भाग लेते हुए कांग्रेस सांसद प्रनीति शिंदे ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी हमेशा ‘चुनावी मोड’ में रहते हैं, इसीलिए उन्होंने पहलगाम हमले के बाद बिहार में जनसभा की. उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका के दबाव में युद्धविराम किया गया. शिंदे ने कहा, ”प्रधानमंत्री का कहना है कि ऑपरेशन सिंदूर का जश्न मनाया जाए. क्या हम विमान के गिरने का जश्न मनाएं? क्या दूसरे देश द्वारा युद्ध विराम कराने का जश्न मनाया जाए?” कांग्रेस सांसद ने कहा कि हर चीज को ‘इवेंट’ नहीं बनाना चाहिए.

Breaking news. hindi news. Navabharat News. Latest news, in-depth analysis and opinion.
नवभारत न्यूज : छत्तीसगढ़, असम, ओडिशा, देश, दुनिया और राज्यों की खबरों का विश्वसनीय मंच.

लेखक के बारे में
By Yogesh Kumar Sahu