अमेरिका में चुनाव के नतीजे आने की रात राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए काफी मुश्किल भरी रही। चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी को लगे झटकों के बीच ट्रंप ने अपनी ही पार्टी के उम्मीदवारों से लेकर मीडिया तक पर जमकर निशाना साधा। ट्रंप की कुछ प्रतिक्रियाएं उनके सोशल मीडिया मंच ‘ट्रुथ सोशल’ पर की गई पोस्ट में सामने आईं। इनमें से कुछ प्रतिक्रियाएं संतुलित थीं, जबकि कुछ में चुनावी नतीजे धीरे-धीरे सामने आने के साथ उनकी झुंझलाहट साफ झलक रही थी।
ट्रंप ने अपने पसंदीदा समाचार चैनल ‘फॉक्स न्यूज’ के बारे में कहा, ”फॉक्स न्यूज का सर्वेक्षण हमेशा सबसे खराब होता है। उसमें पूछे जाने वाले सवाल बेहद अपमानजनक हैं। हर सवाल किसी को निशाना बनाने के लिए तैयार किया गया है और हर जवाब बकवास है। यह वर्षों से चल रहा है।” ट्रंप ने मतदाताओं से यह मानकर मतदान करने की अपील की थी कि वह भी चुनाव मैदान में हैं और उन्होंने 30 चुनावी रैलियां की थीं। लेकिन चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी को मिली हार के बाद उन्होंने अपना रुख बदल लिया और इसके लिए पार्टी के उम्मीदवारों को जिम्मेदार ठहराया।
उन्होंने कहा, ”मैं चुनाव मैदान में नहीं था और अगर होता, तो हम भारी बहुमत से जीतते।” टेक्सास जैसे रिपब्लिकन के गढ़ में भी पार्टी के डेमोक्रेटिक उम्मीदवार से हारने के बाद ट्रंप ने निवर्तमान गवर्नर ग्रेग एबॉट को निशाना बनाया और पार्टी के प्रति उनकी प्रतिबद्धता पर सवाल उठाए। कुछ देर बाद ट्रंप ने घोषणा की कि वह राजनीतिक विश्लेषक बनेंगे और मध्यावधि चुनाव में उम्मीदवारों की हार और जीत के कारणों का विश्लेषण करेंगे। ट्रंप ने लाल रंग की एक टोपी की तस्वीर भी पोस्ट की, जिस पर बड़े अक्षरों में ‘वीटो’ लिखा था। इससे संकेत मिला कि राष्ट्रपति पद के अपने कार्यकाल के बाकी दो वर्षों में वह कार्यकारी आदेशों के जरिये शासन करेंगे।
हालांकि, बाद में उन्होंने मीडिया को दिए साक्षात्कारों में डेमोक्रेटिक पार्टी के साथ मिलकर काम करने की इच्छा जताई, जिससे लगा कि उन्होंने इस विचार को छोड़ दिया है। बुधवार दोपहर ट्रंप ने ‘न्यूयॉर्क पोस्ट’ के उन पन्नों की तस्वीरें पोस्ट कीं, जिनमें तीन पृष्ठों की एक रिपोर्ट प्रकाशित हुई थी। इस रिपोर्ट में बताया गया था कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने पश्चिमी गोलार्ध में अमेरिका का प्रभाव किस तरह बढ़ाया।