इजराइल-हमास अस्थायी युद्ध विराम पर सहमत, 50 बंधक रिहा होंगे, नेतन्याहू ने कहा कि युद्ध जारी रहेगा

Author: Yogesh Kumar Sahu
UPDATED: Wed, 22 Nov 2023 06:35 PM
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यरुशलम. इजराइल और हमास बुधवार को चार दिन के अस्थायी युद्ध विराम पर सहमत हो गए जिससे 150 फलस्तीनी कैदियों की रिहाई के बदले गाजा में चरमपंथी समूह द्वारा बंधक बनाए गए 50 लोगों की रिहाई होगी और क्षेत्र में मानवीय सहायता आपूर्ति की अनुमति मिलेगी.

समझौता लागू होने पर यह पहली बड़ी कूटनीतिक जीत होगी और सात अक्टूबर को इजराइल पर हमास के हमले के बाद से शुरू हुए युद्ध में विराम लगेगा. यह घोषणा इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की उस टिप्पणी के बीच आई है जिसमें उन्होंने कहा था, ”हमारे सभी लक्ष्य हासिल होने तक युद्ध जारी रहेगा.” तेल अवीव में करीब छह घंटे चली बैठक बुधवार को सुबह खत्म हुई. बैठक के बाद इजराइल कैबिनेट ने कतर, मिस्र और अमेरिका की मध्यस्थता वाले समझौते को तीन के मुकाबले 35 वोट से मंजूरी दी. धुर दक्षिणपंथी ओत्जमा येहुदित पार्टी के राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्री इतामार बेन ग्विर सहित पार्टी के मंत्रियों ने इसके खिलाफ वोट किया.

कैबिनेट की बैठक से पहले युद्ध कैबिनेट और सुरक्षा कैबिनेट की बैठक हुई. प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने एक बयान में कहा कि गाजा में बंधक बनाई गईं 50 महिलाओं और बच्चों को चार दिनों में रिहा किया जाएगा, इस दौरान युद्ध विराम रहेगा. बयान में कहा गया है कि हर 10 अतिरिक्त बंधकों की रिहाई पर युद्ध विराम अगले दिन के लिए बढ़ा दिया जाएगा. हालांकि इसमें रिहा किए जाने वाले फलस्तीनी कैदियों की संख्या का जिक्र नहीं है.

सरकार की ओर से जारी एक बयान के अनुसार, ”इजराइल की सरकार सभी बंधकों की घर वापसी के लिए प्रतिबद्ध है.” बयान के अनुसार, ”आज रात सरकार ने इस लक्ष्य को प्राप्त करने के पहले चरण की रूपरेखा को मंजूरी दे दी, जिसके अनुसार कम से कम 50 बंधकों (महिलाओं और बच्चों) को चार दिनों के लिए रिहा किया जाएगा. इस दौरान युद्ध में विराम रहेगा. प्रत्येक 10 अतिरिक्त बंधकों की रिहाई के परिणामस्वरूप एक और दिन की राहत मिलेगी.”

अंतिम मंजूरी के बाद अगले 24 घंटे तक समझौते को लागू नहीं किया जा सकता है क्योंकि इजराइल का कानून जनता को किसी समझौते के खिलाफ उच्चतम न्यायालय जाने की अनुमति देता है. स्थानीय मीडिया का अनुमान है कि बंधकों की रिहाई का पहला चरण बृहस्पतिवार को सुबह हो सकता है.

इजराइल ने 300 फलस्तीनियों की सूची जारी की है जिन्हें इजराइल और हमास के इस समझौते के तहत रिहा किया जा सकता है.
यह सूची इजराइल के न्याय मंत्रालय की वेबसाइट पर उपलब्ध है. सूची में शामिल लोगों के नाम, उम्र और अपराध का जिक्र है.
पहले चरण में सिर्फ 150 कैदियों की रिहाई की संभावना है.

कतर की राजधानी दोहा हमास के मुख्यालय के रूप में काम करती है. कतर ने इजराइल और हमास के बीच अस्थायी युद्ध विराम के लिए समझौते की पुष्टि की है और कहा है कि युद्ध विराम कब से लागू होगा इसकी घोषणा अगले 24 घंटे में होगी. युद्ध विराम चार दिनों का होगा. बुधवार को सुबह कतर के विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान में इसकी घोषणा की गई और इसे मिस्र, अमेरिका और कतर द्वारा ”मानवीय संघर्ष विराम” के लिए की गई मध्यस्थता की वार्ता का नतीजा बताया.

बयान में कहा गया है, ”युद्धविराम कब से लागू होगा, इसकी घोषणा अगले 24 घंटे में होगी. युद्धविराम चार दिन का होगा. इसमें विस्तार की भी संभावना है.” बयान के अनुसार, ”समझौते के तहत, इजराइल द्वारा पकड़े गए फलस्तीनी कैदियों की रिहाई के बदले में हमास द्वारा कब्जे में लिए गए 50 बंधकों की रिहाई होगी. दोनों पक्षों द्वारा रिहा किए जाने वालों में महिलाएं और बच्चे शामिल हैं. बाद के चरणों में रिहा किए जाने वाले बंधकों की संख्या बढ़ सकती है.”

बयान के मुताबिक, इस समझौते से गाजा में मानवीय सहायता की आपूर्ति भी बढ़ेगी और युद्धविराम से ”बड़ी संख्या में मानवीय सहायता एवं राहत सामग्री आपूर्ति वाहनों के काफिलों को जाने की अनुमति मिल जाएगी जिनमें ईंधन की आपूर्ति भी शामिल है.” नेतन्याहू ने कैबिनेट बैठक से पहले जोर दिया कि समझौता इजराइल की सेना के अभियान से हमास पर दबाव बढ़ने का नतीजा है. उन्होंने कहा कि हमास को खत्म करने, सभी बंधकों की रिहाई सुनिश्चित करने और इजराइल की सुरक्षा को गाजा से कोई खतरा नहीं होने की पुष्टि समेत सारे लक्ष्य हासिल होने तक युद्ध जारी रहेगा.

इजराइल के प्रधानमंत्री ने कहा, ”हम युद्ध कर रहे हैं और सारे लक्ष्य हासिल होने तक युद्ध जारी रहेगा.” उन्होंने कहा कि बंधकों की रिहाई हमारी शीर्ष प्राथमिकता है और इसे लेकर हम प्रतिबद्ध हैं. नेतन्याहू ने कहा, ”हमारे सामने मुश्किल लेकिन सही फैसला है.” उन्होंने कहा, ”जब तक हर व्यक्ति देश नहीं लौटता, तब तक हम चैन से नहीं बैठेंगे. युद्ध के कई चरण हैं और बंधकों की वापसी भी चरणबद्ध होगी.”

रक्षा मंत्री योव गैलेंट ने अपने प्रधानमंत्री का समर्थन करते हुए कहा कि गाजा में इजराइल की आक्रामकता बातचीत में और सात अक्टूबर को इजराइल से बंधक बनाकर ले जाए गए 240 लोगों की रिहाई के लिए हमास पर दबाव बनाने में ”अहम कारक” रही.
उन्होंने कहा, ”दबाव के बिना बंधकों की रिहाई सुनिश्चित करना संभव नहीं था.” उन्होंने संकल्प जताया कि चार-पांच दिन के विराम के बाद युद्ध फिर से आक्रामक तरीके से लड़ा जाएगा.

युद्ध कैबिनेट मंत्री बेनी गैंट्ज ने कहा, ”ईमानदारी से कहूं तो यह (समझौता) काफी मुश्किल भरा, पीड़ादायक है लेकिन यह सही भी है.” अमेरिकी अधिकारी ने कहा कि हमास द्वारा रिहा किए जाने बंधकों में कई अमेरिकी नागरिकों के भी होने की संभावना है.
अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने एक बयान में कहा, ”मैं कतर के शेख तमिम बिन हमद अल-थानी और मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल-फतह अल-सीसी के अहम नेतृत्व और इस समझौते पर पहुंचने में उनकी भागीदारी के लिए उनका शुक्रिया अदा करता हूं.”

उन्होंने कहा, ”मैं प्रधानमंत्री नेतन्याहू और उनकी सरकार की उस प्रतिबद्धता की सराहना करता हूं जिन्होंने इस समझौते को पूरी तरह से लागू करने और गाजा में निर्दोष फलस्तीनी परिवारों की पीड़ा को कम करने के लिए अतिरिक्त मानवीय सहायता के प्रावधान सुनिश्चित करने के वास्ते एक विस्तारित विराम का समर्थन किया.”

इजराइल-हमास युद्ध विराम बृहस्पतिवार की सुबह से शुरू होगा: मीडिया

इजराइल-हमास युद्धविराम बृहस्पतिवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे प्रभावी होगा. मिस्र के सरकारी टीवी ‘काहिरा’ की खबर में यह जानकारी दी गई है. मिस्र ने चार दिवसीय युद्धविराम में मध्यस्थता करने में मदद की, जिससे दक्षिणी इजराइल में सात अक्टूबर के हमले के दौरान हमास द्वारा बंधक बनाये गये कई बंधकों की रिहाई का रास्ता बनेगा.

इसके तहत इजराइल द्वारा पकड़े गए फलस्तीनी कैदियों के बदले में बंधकों की रिहाई होगी. दोनों पक्षों द्वारा रिहा किए जाने वालों में महिलाएं और बच्चे शामिल हैं. इस समझौते से गाजा में मानवीय सहायता की आपूर्ति भी बढ़ेगी. इजराइली मीडिया की खबर में कहा गया है कि युद्धविराम बृहस्पतिवार की सुबह 10 बजे से शुरू होगा.

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