
लखनऊ. राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) के अध्यक्ष जयंत चौधरी ने शुक्रवार को केंद्र सरकार द्वारा पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न देने की घोषणा करने पर खुशी जाहिर करते हुए कहा ‘दिल जीत लिया’. चौधरी चरण सिंह के पोते जयंत चौधरी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “दिल जीत लिया.” वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”जननेता, किसानों के मसीहा, गांवों, अन्नदाता किसानों, शोषितों एवं वंचितों के उत्थान के लिए आजीवन सर्मिपत रहने वाले पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह जी को ‘भारत रत्न’ प्रदान करने की घोषणा अभिनंदनीय है. वे सच्चे अर्थों में लोकतंत्र के साधक थे. यह गौरव राष्ट्र निर्माण में उनके अतुल्य योगदानों का सम्मान है.”
चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न दिये जाने की घोषणा का मुद्दा उत्तर प्रदेश विधानसभा में भी उठा, जहां समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव, विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना और संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने केंद्र सरकार के इस फैसले की सराहना की.
विधानसभा में चर्चा के दौरान विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने कहा, ”पूरा सदन बहुत प्रसन्न है. उन्होंने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की सेवाएं पूरे देश के लिए अतुलनीय थी. पूरा सदन प्रधानमंत्री जी को धन्यवाद देता हैं.” सदन में समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा, ”अध्यक्ष जी मैं आपके माध्यम से सभी किसानों को बधाई देना चाहता हूं. चौधरी चरण सिंह जी जीवन भर किसानों के अधिकारों के लिए लड़े और इसी विधानसभा के सामने नेता जी (मुलायम सिंह यादव) ने उनकी प्रतिमा लगवाई थी. हमें खुशी है इस बात की कि एक किसान नेता को भारत रत्न मिला.” संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने भी चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न दिए जाने पर खुशी जाहिर की.
संवाददाताओं को संबोधित करते हुए सपा प्रमुख अखिलेश ने कहा, ”चौधरी चरण सिंह जी के लिए मांग समाजवादियों ने भी की थी. जिन्हें भी भारत रत्न मिला है, उन्हें बधाई और शुभकामनाएं.” चौधरी चरण सिंह के गृह जिले हापुड़ में उन्हें भारत रत्न दिए जाने की घोषणा पर लोगों ने जश्न मनाना शुरू कर दिया.
पूर्व प्रधानमंत्री का जन्म जनपद हापुड़ के बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के नूरपुर की मढैया गांव में हुआ था. गांव के रहने वाले सुमेर सिंह ने कहा, “यहां महिलाएं गीत गाकर जश्न मना रही हैं और लोग मिठाइयां बांट रहे हैं. हमें गर्व है कि चौधरी साहब इस मिट्टी के बेटे हैं.” चौधरी चरण सिंह के राजनीतिक गढ़ बागपत में भी जश्न मनाया जा रहा है. घोषणा के बाद लोग मिठाइयां बांटते और एक-दूसरे को बधाई देते नजर आए.
राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के राष्ट्रीय सचिव राजकुमार सांगवान ने बताया कि, ”चौधरी चरण सिंह जिले की छपरौली विधानसभा सीट से छह बार विधायक चुने गए. वह बागपत से लोकसभा के लिए चुने जाने के बाद प्रधानमंत्री भी बने.” उन्होंने कहा कि ”वे भारत के एकमात्र राजनेता हैं जिन्हें किसानों का मसीहा कहलाने का गौरव प्राप्त है. उन्हें यह सम्मान इस देश के लोगों ने दिया है.” रालोद के राष्ट्रीय महासचिव एवं पूर्व विधायक राजेन्द्र शर्मा ने कृषक मसीहा , गरीब पिछड़े व दलितों के उन्नायक तथा स्वतंत्रता संग्राम के अग्रिम पंक्ति के सेनानी चौ चरण सिंह को भारत रत्न दिए जाने की घोषणा का स्वागत करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया है.
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को पी. वी. नरसिम्हा राव और चौधरी चरण सिंह के साथ-साथ कृषि वैज्ञानिक एम. एस. स्वामीनाथन को भारत रत्न से सम्मानित किये जाने की घोषणा की. प्रधानमंत्री मोदी ने एक पोस्ट में कहा, ”हमारी सरकार का यह सौभाग्य है कि देश के पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न से सम्मानित किया जा रहा है. यह सम्मान देश के लिए उनके अतुलनीय योगदान को सर्मिपत है.” प्रधानमंत्री ने कहा कि चौधरी चरण सिंह ने किसानों के अधिकार और उनके कल्याण के लिए अपना पूरा जीवन सर्मिपत कर दिया था.
चरण सिंह ने 28 जुलाई 1979 से अगस्त 1979 तक प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया. वह 21 अगस्त 1979 से 14 जनवरी 1980 तक कार्यवाहक प्रधानमंत्री भी रहे. चौधरी चरण सिंह तीन अप्रैल 1967 से 25 फरवरी 1968 और 18 फरवरी, 1970 से एक अक्टूबर, 1970 तक उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे थे.



