कांग्रेस ने राहुल गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज होने के बाद बुधवार को दावा किया कि दीवार पर लिखी इबारत साफ है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा गृह मंत्री अमित शाह ”घबराए हुए और हताश” हैं। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह आरोप भी लगाया कि मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के जरिए करोड़ों वास्तविक मतदाताओं का वोट देने का संवैधानिक अधिकार छीन लिया गया है।
रमेश ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के ”वोट चोरी” के आरोपों का उल्लेख करते हुए कहा कि गांधी करीब दो वर्षों से ”तथ्यात्मक साक्ष्यों” के जरिए प्रधानमंत्री और गृह मंत्री तथा मुख्य निर्वाचन आयुक्त के बीच कथित ”साजिश” को उजागर कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ”दमनकारी” एसआईआर प्रक्रिया के कारण करोड़ों वास्तविक मतदाताओं ने अपना संवैधानिक अधिकार खो दिया है।
रमेश ने कहा कि जब लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने एसआईआर से जुड़े कथित अन्याय को सामने लाने के लिए ”सत्याग्रह” का रास्ता अपनाया, तो दिल्ली पुलिस ने उनके और अन्य नेताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की।
कांग्रेस नेता ने अपने पोस्ट में प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को ”कुटिल जोड़ी” करार दिया और कहा कि वे निराश, हताश और घबराए हुए हैं तथा ”दीवार पर लिखी इबारत साफ है।”
राहुल गांधी समेत विपक्षी नेताओं ने मंगलवार को निर्वाचन आयोग के कार्यालय की ओर मार्च करने का प्रयास किया था। पुलिस ने उन्हें रोक दिया, जिसके बाद कांग्रेस के प्रमुख नेताओं ने आकाशवाणी भवन परिसर में धरना दिया। आठ घंटे बाद में पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाद्रा और अन्य नेताओं को हिरासत में ले लिया। दिल्ली पुलिस ने आकाशवाणी भवन परिसर में प्रवेश को लेकर राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाद्रा और अन्य के खिलाफ शिकायत मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज की है।